रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी, ब्यूरो चीफ, झाबुआ (मप्र), NIT:

मेघनगर में मुकद्दस रमज़ान माह का 29वां रोज़ा गुरुवार को पूरा हुआ। इस दौरान एक भावुक और प्रेरणादायक दृश्य देखने को मिला, जब महज 6 वर्ष के मोहम्मद नवाज़ शेरानी ने अपना पहला रोज़ा रखकर इबादत की।
मुस्लिम समुदाय के छोटे-छोटे मासूम बच्चों ने भी पूरे रमज़ान माह में रोज़े रखकर इबादत की। इसी क्रम में इतनी कम उम्र में धार्मिक आस्था और अनुशासन का परिचय देते हुए मोहम्मद नवाज़ शेरानी ने पूरे दिन रोज़ा रखकर परिवार और समाज का दिल जीत लिया।
परिवारजनों के अनुसार, मोहम्मद नवाज ने सुबह सहरी से लेकर शाम तक पूरे समर्पण और निष्ठा के साथ रोज़ा निभाया। इफ्तार के समय उसकी खुशी देखने लायक थी।
यह उसका पहला रोज़ा होने के कारण परिवार के लिए भी बेहद खास और गर्व का क्षण रहा। परिजनों ने बताया कि इतनी छोटी उम्र में रोज़ा रखना आसान नहीं होता, लेकिन मोहम्मद नवाज ने जिस तरह से इसे निभाया, वह काबिले-तारीफ है।
रमज़ान के इस पवित्र मौके पर मासूम बच्चों द्वारा रखे गए रोज़े समाज में धार्मिक भावना और अनुशासन की प्रेरणा दे रहे हैं।

