लियाक़त शाह, भुसावल/जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

भुसावल रेल मंडल डीआरएम कार्यालय के द्वार पर रेलवे स्टेशन के निजीकरण और ट्रेनों की बिक्री की नीति के खिलाफ सीआरएमएस ने शुक्रवार को डीआरएम कार्यालय के सामने धरना दिया. इस अवसर पर सीआरएमएस के अध्यक्ष भटनागर तथा मध्य रेलवे के सभी पांच सर्किलों में 13 से 18 सितंबर तक नेतृत्व में निजीकरण का विरोध सप्ताह शुरू किया है. इस आंदोलन का असर भुसावल में महसूस किया गया. शुक्रवार को भुसावल के बोर्ड अध्यक्ष वी. के समाधिया, मंडल सचिव एस.बी पाटिल के नेतृत्व में डीआरएम कार्यालय के बाहर प्रवेश द्वार पर शाम को छे बजे सभा आयोजित की गई थी, जिसमे रेलवे निजीकरण नीति के खिलाफ सीआरएमएस सदस्यो और कर्मचारीयो ने विरोध प्रदर्शन किया. सभा में संगठन के पदाधिकारियों ने सम्बोधन किया और उपस्थित लोगों को सरकार की मौजूदा मजदूर विरोधी नीतियों के बारे में जानकारी दी गई. बोर्ड अध्यक्ष मनोज तिवारी, उपाध्याय नंद किशोर, एस.के. दुबे, पी.के रायकवार, अमरसिंह राजपूत, उमाकांत बावस्कर, पी.के गुप्ता, किशोर कोलटे, विशाल खरे, सुरेश लखोरे, अजय मालवीय, दीपक शर्मा, अयूब खान, अजीत आमोदकर उपस्थित थे.
फोटो कैप्शन: भुसावल के डीआरएम कार्यालय के प्रवेश द्वार पर रेलवे निजीकरण और ट्रेनों की बिक्री का सीआरएमएस सदस्यो और कर्मचारीयो ने विरोध किया.
