अरशद आब्दी, ब्यूरो चीफ, झांसी (यूपी), NIT:

बुधवार 30 सितंबर 2020 को आसरा सोसायटी ने इलाइट चौराहे पर बेटी को न्याय दिलाने के लिये आवाज उठाई। उत्तर प्रदेश के हाथरस के कोतवाली चंदवा की घटना दिल्ली के निर्भया कांड से भी बड़ी घटना है। बेटी किसी जाति की भी हो बेटी ही होती है और उनके साथ कुकर्म करके इतनी बेरहमी से मार दिया जाता है और क्या करती है पुलिस, दोषियों को ही बचाया जाता है। क्या बेटियां ऐसे ही मार दी जायँगी? शर्म करे सरकार और पुलिस दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होनी चाहिए।

शासन प्रशासन की लापरवाही के चलते आज सुबह 3 बजे बहन मनीषा वाल्मीकि जिंदगी की जंग हार गई। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे और उनके परिवार को इस दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
ॐ शांति अध्यक्ष पूजा शर्मा, बंटी शर्मा, संतराम पेंटर, एडवोकेट अशोक शर्मा, प्रदीप तिवारी, सीमा सिंह तिवारी, कुसुम कुशवाहा, सीमा कुशवाहा, उर्मिला वर्मा, मोनिका गुर्जर, रीता, दीपा यादव, नेहा केवट, कीर्ति, प्रियंका गुप्ता, राजेश राय ,प्रसून शिवहरे,अभिषेक वर्मा, शिवम साहू, वही समाजवादी पार्टी के पद अधिकारोयो में तनवीर आलम, अल्ताफ़ रिज़वी, असफान सिद्दीकी, क़ादिर खान, पिर्तिपाल सिंह यादव एवं और भी आसरा एनजीओ से पूजा शर्मा अपने कार्यकर्त्ता के साथ मौजूद रही और भी कई दल मौजूद रहे जिसमे दोषियों की फाँसी की मांग की गई।
