राकेश यादव, देवरी/सागर (मप्र), NIT:
देवरी के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में नसबंदी शिविर के दौरान रविवार को एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है। रविवार को महिला नसबंदी शिविर देवरी के सामुदायिक स्वास्थ्य में लगाया गया था जिसमें ग्रामीण क्षेत्रों की अधिकतर महिलाएं आईं। अंकिता पति नरेश कुमार जैन 32 वर्ष निवासी रमखिरिया भी नसबंदी कराने पहुंची थी। नसबंदी के लिए करीब चार दिन पहले से परहेज भी कराया जाता है परंतु डाक्टरों की लापरवाही से एक महिलाए अब बिस्तर पर पडी हुई है और न जाने अब कितने दिनों तक वह दर्द से कराहती रहेगी। डाक्टरों ने अपनी लापरवाही छुपाने के लिए महिला का आपरेशन दो बार कर दिया परन्तु डाक्टरों की बदकिस्मती कहें की दो बार में भी आॅपरेशन सफल नहीं हुआ। आॅपरेशन दो बार करने के बाद मरीज को घर भेज दिया गया।
मरीज के सास की मानें तो मरीज का पहले चेकअप किया था और सबकुछ सही थ फिर भी डाक्टरों की लापरवाही से आॅपरेशन सफल नहीं हुआ, आज हमारी बहू के पेट की चीरफाड होने से उसको वहीं आपरेशन वाला दर्द उठ रहा है और वह घर पर तड़प रही है। यहां पर डाक्टरों ने मरीज को घर भिजवा कर मामले की इतिश्री कर ली है परन्तु आज वह दर्दे से कराह रही है।
इस मामले के सामने आने से डाक्टरों की लापरवाही तो उजागर हो गई है परन्तु न जाने डाक्टर कितने मामले में लापरवाही करते हैं जो प्रकाश मे नहीं आते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों से संख्या अधिक होने से लोगों की डाक्टरों के द्वारा डांट फटकार लगाकर और कुछ का कुछ बताकर भगा दिया जाता है। इस मामले के सामने आने से अब लापरवाह डाक्टरों पर वरिष्ठ अधिकारियों को इस मामले में संज्ञान लेकर कार्यवाही की जानी चाहिए।
मैंने एक बार ऑपरेशन किया उसने पेट थोड़ा लिया, मैंने दोबारा ऑपरेशन किया तो उसने पेट फुला लिया, हम दर्द की गोली दे रहे हैं: मुकेश जैन बीएमओ।
