संदीप शुक्ला, ग्वालियर, NIT;
डाकू मलखान सिंह जिस पर 185 हत्या 1112 डकैती के केस दर्ज थे, जिसने1983 में भिंड मध्यप्रदेश में आत्म समर्पण किया थारऔर अब सामान्य जीवन जी रहे हैं। समर्पण से पूर्व भरतपुर संभाग में भी इसके आतंक का खौफ होता था। रुपए बदलवाने ग्वालियर की SBI बैंक में लाईन में खड़े हो कर मलखान ने अपनी बारी का इंतजार किया।

जो डाकू थे वो लाइन पर आ गए खुदा उन का भला करे
अब इंतज़ार हे उन डाको का जो अब तक लाइन पर नही आये
कला धन खत्म कर के उन डाकुओं को भी लाइन में लाने की जरूत हे । जिस की कोशिश जारी हे
जो सफ़ेद पोशाक पहेन कर लोगो को बेवक़ूफ़ बना रहे हैं