पीयूष मिश्रा/अश्वनी मिश्रा,भोपाल/नई दिल्ली, NIT;
मध्यप्रदेश में टिकट बंटवारे को लेकर बुधवार को नई दिल्ली में कांग्रेस की स्क्रीनिंग कमेटी ने 45 विधायकों को टिकट दिए जाने की मंजूरी दे दी है। ढाई घंटे तक चली इस बैठक में तीन या अधिक बार विधानसभा और लोकसभा चुनाव हार चुके नामों को भी टिकट की दौड़ से बाहर किए जाने पर चर्चा हुई।
प्रदेश में 105 विधानसभा सीटें ऐसी हैं जहां पार्टी पिछले तीन चुनावों से हार रही है। अब इस सूची को पार्लियामेंट्री बोर्ड को भेजा जाएगा, जिसके अनुमोदन के बाद प्रत्याशियों की औपचारिक घोषणा कर दी जाएगी। लगातार पांच बार से हारने वाली 31 सीटों पर भी नए चेहरों के नाम घोषित किए जाएंगे।
बैठक में स्क्रीनिंग कमेटी के अध्यक्ष मधुसूदन मिस्त्री के अलावा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ और प्रदेश प्रभारी दीपक बावरिया भी मौजूद थे। अक्टूबर के प्रथम सप्ताह तक सूची जारी होने की संभावना है।
पहली सूची में इन विधायकों के नाम
नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह, उपनेता प्रतिपक्ष बाला बच्चन, लोकलेखा समिति के अध्यक्ष रामनिवास रावत, विधानसभा उपाध्यक्ष राजेंद्र कुमार सिंह, डॉ गोविंद सिंह, केपी सिंह, आरिफ अकील, सुंदरलाल तिवारी, मुकेश नायक, जीतू पटवारी, हिना कावरे, मधु भगत, *रजनीश सिंह*, मनोज कुमार अग्रवाल, फुंदेलाल मार्को, ओमकार सिंह मरकाम, महेंद्र सिंह यादव, हेमंत कटारे, *योगेंद्र सिंह*, हर्ष यादव, निशंक जैन, उमंग सिंघार, कमलेश्वर पटेल, यादवेंद्र सिंह, शैलेंद्र पटेल, गिरीश भंडारी, महेंद्र सिंह सिसोदिया, गोपाल सिंह चौहान, चंदा सुरेंद्र सिंह गौर, कुंवर विक्रम सिंह, नीलांशु चतुर्वेदी, जयवर्द्धन सिंह, सुरेंद्र सिंह बघेल, सौरभ सिंह, नीलेश अवस्थी, तरुण भानोत, संजीव उइके, सोहनलाल बाल्मीकि, जतन उइके, कमलेश शाह, रामकिशोर दोगने, सचिन यादव, विजय सिंह सोलंकी, झूमा सोलंकी और हरदीप सिंह डंग के नाम शामिल हैं।
इन सीटों पर चार-चार के पैनल
लगातार पांच बार से हार रही सीटों पर भले ही कांग्रेस का प्रत्याशी जीत न पाए लेकिन वहां नई लीडरशिप तैयार किए जाने के लिए उम्मीदवार घोषित किए जा सकते हैं। इनमें अम्बाह, मेहगांव, पोहरी, शिवपुरी, अशोकनगर, रेहली, सागर, महाराजपुर, मलेहरा, दमोह, रैगांव, रामपुर बघेलान, सिरमौर, त्योंथर, देवतालाब, जबलपुर कैंट, बरघाट, सिवनी, सोहागपुर, विदिशा, शमशाबाद, गोविंदपुरा, आष्टा, सीहोर, सारंगपुर, देवास, हरसूद, खंडवा, बुरहानपुर, इंदौर-2, इंदौर-4 प्रमुख सीटें हैं। इन सीटों पर चार-चार प्रत्याशियों के पैनल तैयार किए गए हैं। इसके बाद चार बार से हार रही सीटों में मुरैना, दिमनी, ग्वालियर ग्रामीण, ग्वालियर दक्षिण, भांडेर, बीना, चांदला, गुन्नौर, छतरपुर, सिंगरौली, बरगी, जबलपुर उत्तर, निवास, पिपरिया, सिलवानी, धोहनी, जबलपुर उत्तर, जबलपुर कैंट और निवास पर प्रत्याशी घोषित किए जा सकते हैं।
