अबरार अहमद खान, भोपाल, NIT;
मोदी एंड कम्पनी सपा-कांग्रेस का साथ पचा नहीं पा रही है और हार के डर से अनापशनाप राग अलाप रही है, परंतु भाजपा और मोदी एंड कम्पनी जितनी भी विलाप कर ले, उनकी दुर्गत बिहार से भी ज्यादा बुरी होने वाली है। बिहार में भी खूब विषवमन किया गया था जिसका नतीजा यह रहा कि वह पचास सीट में सिमट कर रहा गयी थी। यह सब गठबंधन और मोदी एंड कम्पनी के बिषवमन का ही कमाल था। इस प्रकार के विचार मध्यप्रदेश कांग्रेस लीडर राशिदा मुस्तफा ने प्रेस रिलीज के माध्यम से व्यक्त किये हैं।
उनका कहना है किबिहार की तरह इस बार भी मोदी चेहरे का मुकाबला अखिलेश के चेहरे से हो रहा है। बिहार चुनाव में भी मोदी एंड कम्पनी ने खूब ऊलजलूल नीतीश जी और लालू जी पर तंज़ कसे थे, जिसका बिहार की जनता ने सहन नहीं किया और चुनाव परिणाम में भाजपा को खूब मजा चखाया और लोकसभा में मिली सीट के आसपास उसको विधानसभा में लाकर पटक दिया। वह बिहार में मिली हार को शायद भूल गयी है इसीलिये वह अनाप-शनाप, मर्यादा भूलकर संकीर्ण मानसिकता के प्रवचन सभाओं में दे रहे हैं।
यूपी में भी बिहार की तरह गठबंधन है और यहाँ भी मोदी जी रैली में इस गठबंधन पर खूब बोल रहे हैं। जबकि वह जानते हैं कि स्थानीय विधानसभा चुनाव में उनकी दाल गलने वाली नहीं है। आगे-आगे देखिये मोदी जी के बोल वचन ही इस गठबंधन को आसानी से मंजिल तक पहुँचा देंगे। वह अपने गिरेबां में झांककर अपने कश्मीर में हुये गठबंधन पर नज़र कर लेती। जो बरसों से पीडीपी को कोसा करते थे उससे गठबंधन कर कौनसा सरकार बनाकर पुण्य का काम किया है? मोदी जी यह पब्लिक है, सब जानती है कि यह विधानसभा चुनाव है और यहाँ मोदी जी का कोई काम नहीं है।
