अतीश दीपंकर, ब्यूरो चीफ, पटना (बिहार), NIT:
बिहार के भागलपुर जिले के पीरपैंती में नवरात्र के पहले दिन संथाल और पहाड़िया जनजाति के 68 परिवारों के लिए खुशियों की नई शुरुआत हुई। वर्षों से भूमिहीन और स्थायी आवास की समस्या से जूझ रहे इन परिवारों को अब अपना घर मिल गया है। अदाणी पावर प्लांट की सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) पहल के तहत अदाणी फाउंडेशन द्वारा निर्मित आवासों की चाबियां लाभार्थियों को सौंपी गईं। इस अवसर पर सामूहिक गृह प्रवेश कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें सभी 68 परिवारों ने अपने नए घरों में प्रवेश किया।
अदाणी फाउंडेशन के सहयोग से बने आवास
पीरपैंती पावर प्लांट परिसर में लंबे समय से रह रहे भूमिहीन संथाल और पहाड़िया समुदाय के परिवारों को राज्य सरकार की ओर से जमीन उपलब्ध कराई गई थी। इन परिवारों को सुरक्षित आवास और बेहतर जीवन परिस्थितियां उपलब्ध कराने के उद्देश्य से अदाणी फाउंडेशन ने पहल की। अदाणी पावर प्लांट के सीएसआर मद से इन परिवारों के लिए आवासों का निर्माण कराया गया। इससे लाभार्थी परिवारों को रहने के लिए स्थायी ठिकाना मिलने के साथ सुरक्षा और स्थायित्व का आधार भी मिला है।
नए घर की चाबी पाकर खिले महिलाओं के चेहरे
अपने नए घरों की चाबियां हाथों में लेकर महिलाओं के चेहरों पर खुशी और संतोष साफ दिखाई दिया। लंबे समय तक स्थायी आवास के अभाव में जीवन बिताने वाले परिवारों के लिए यह अवसर नई उम्मीद लेकर आया। नवरात्र के शुभारंभ पर आयोजित गृह प्रवेश कार्यक्रम उनके जीवन में एक नए अध्याय की शुरुआत का प्रतीक बना।
अदाणी फाउंडेशन की इस पहल से 68 आदिवासी परिवारों का अपने घर का सपना साकार हुआ है। नए आवास मिलने से इन परिवारों को सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन जीने का अवसर मिला है। सामूहिक गृह प्रवेश के साथ ही उनके जीवन में स्थायित्व और बेहतर भविष्य की उम्मीदें भी जुड़ गई हैं।

