अबरार अहमद खान/मुकीज़ खान, भोपाल (मप्र), NIT:
भोपाल शहर में दुकानों को सील करने के लिए जारी किए गए नोटिस के विरोध में बागसेवनिया व्यापारी संगठन ने आज बाइक रैली निकालकर विरोध प्रदर्शन किया। रैली विश्वकर्मा मंदिर से शुरू होकर नगर निगम मुख्यालय, तुलसीनगर तक पहुंची। यहां व्यापारियों ने नगर निवेशक उपायुक्त भुवन गुप्ता को ज्ञापन सौंपकर सीलिंग की कार्रवाई पर तत्काल रोक लगाने की मांग की।
व्यापारियों का दावा है कि बागसेवनिया क्षेत्र की करीब 700 दुकानों को नोटिस जारी किए गए हैं। उनका कहना है कि सीलिंग की कार्रवाई से छोटे दुकानदारों और व्यापारियों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो जाएगा। व्यापारियों ने कहा कि हजारों परिवारों की आजीविका इन छोटी दुकानों से जुड़ी है और कार्रवाई होने पर उनके सामने घर चलाने की मुश्किल पैदा हो जाएगी।
व्यापारी संगठन ने कहा कि रहवासी क्षेत्रों में दुकानों को बंद करने का असर केवल दुकानदारों पर ही नहीं, बल्कि स्थानीय उपभोक्ताओं पर भी पड़ेगा। बागसेवनिया जैसे क्षेत्रों में बड़ी संख्या में मजदूर, निम्न और मध्यम वर्गीय परिवार रहते हैं, जो रोजमर्रा की छोटी-छोटी जरूरतों का सामान आसपास की दुकानों से खरीदते हैं। व्यापारियों के मुताबिक, हर छोटी जरूरत के लिए दूर स्थित बड़े बाजारों या शॉपिंग मॉल तक जाना इन परिवारों के लिए आसान नहीं होगा।
व्यापारियों ने कहा कि त्योहारों का समय शुरू हो चुका है और यही वह समय होता है जब छोटे दुकानदार अतिरिक्त कमाई कर परिवार का खर्च चलाने की कोशिश करते हैं। ऐसे समय में दुकानों को बंद करने के नोटिस से व्यापारियों में चिंता और नाराजगी बढ़ी है।
व्यापारी संगठन का आरोप है कि नगर निगम द्वारा की जा रही कार्रवाई सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देकर की जा रही है, लेकिन इसका सीधा असर छोटे व्यापारियों और आम जनता पर पड़ रहा है। संगठन ने मांग की कि कार्रवाई से पहले प्रभावित व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों की समस्याओं को सुना जाए तथा रोजगार और उपभोक्ताओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए समाधान निकाला जाए।
व्यापारियों ने मांग की कि सीलिंग की कार्रवाई पर तत्काल रोक लगाई जाए और इस मामले में व्यापक स्तर पर चर्चा कर ऐसा रास्ता निकाला जाए जिससे न्यायालय के आदेशों का पालन भी हो और हजारों छोटे व्यापारियों की रोजी-रोटी भी प्रभावित न हो।
बागसेवनिया व्यापारी संगठन ने चेतावनी दी कि यदि सीलिंग की कार्रवाई नहीं रोकी गई तो व्यापारी आगे भी चरणबद्ध तरीके से विरोध प्रदर्शन जारी रखेंगे।

