रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी, पंकज बड़ोला, झाबुआ (मप्र), NIT:
झाबुआ में बदनावर-टिमरवानी फोरलेन निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहण के उचित मुआवजे की मांग को लेकर किसानों ने गुरुवार से कलेक्ट्रेट परिसर में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है।
भारतीय किसान संघ के बैनर तले शुरू किए गए इस आंदोलन में वे किसान शामिल हैं, जो उन्हें दिए जा रहे मुआवजे से असंतुष्ट हैं। प्रदर्शन में प्रभावित क्षेत्रों के अलावा दूर-दराज के किसान भी बड़ी संख्या में शामिल हुए।
किसानों की लंबे समय से मांग है कि फोरलेन के लिए अधिग्रहित की जा रही भूमि का नियमानुसार बाजार मूल्य के चार गुना के हिसाब से मुआवजा दिया जाए। प्रशासन की कथित उदासीनता से नाराज किसानों ने धरना स्थल पर सद्बुद्धि के गीत गाकर अपनी मांग सरकार तक पहुंचाने का अनूठा तरीका अपनाया।
आंदोलन में भारतीय किसान संघ मालवा प्रांत के संभाग अध्यक्ष कृष्णपाल सिंह राठौर, प्रांत उपाध्यक्ष दयाराम पाटीदार, जिला अध्यक्ष बच्चू सिंह मेड़ा और जिला मंत्री वरदीचंद पाटीदार सहित कई किसान नेता मौजूद रहे।
प्रदर्शन में विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे किसान
यह आंदोलन जिला मुख्यालय के अलावा पेटलावद, थांदला और मेघनगर क्षेत्रों में चरणबद्ध प्रदर्शन किए जाने के बाद शुरू हुआ है। गत 31 जुलाई को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के थांदला प्रवास के दौरान भी किसानों ने अपनी समस्याओं को लेकर ज्ञापन सौंपा था। हालांकि, अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं होने से किसानों में असंतोष बना हुआ है।
किसानों ने स्पष्ट किया है कि मांगें पूरी होने तक वे आंदोलन से पीछे नहीं हटेंगे। अपनी दृढ़ता दिखाते हुए किसान धरना स्थल पर भोजन बनाने के सामान और विश्राम की व्यवस्था के साथ पहुंचे हैं, जिससे लंबे समय तक आंदोलन जारी रखने की उनकी तैयारी का पता चलता है।
जिले में अब तक के बड़े किसान प्रदर्शनों में शामिल इस आंदोलन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। झाबुआ कोतवाली सहित आसपास के थानों से पुलिस बल को कलेक्ट्रेट परिसर में तैनात किया गया है।

