राकेश यादव, ब्यूरो चीफ, सागर (मप्र), NIT:
देवरी जनसुनवाई केंद्र में कन्या माध्यमिक शाला तिलक वार्ड की प्रधानाध्यापिका श्रीमती अनुराधा कौशिक ने जिला कलेक्टर प्रतिभा पाल को ज्ञापन सौंपकर अजीम प्रेमजी फाउंडेशन की कार्यप्रणाली पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
शिकायत में बताया गया कि टीचर लर्निंग सेंटर स्थापित करने के लिए फाउंडेशन को केवल दो कक्ष और एक बरामदे के उपयोग की अनुमति दी गई थी, जो बीआरसीसी देवरी हरिकृष्ण चोबे के मार्गदर्शन व हस्ताक्षर के बाद प्रदान की गई थी।
प्रधानाध्यापिका ने आरोप लगाया कि तय शर्तों का उल्लंघन करते हुए फाउंडेशन ने विद्यालय के चार कक्षों में पुट्टी सहित निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। साथ ही एक बड़े कक्षा कक्ष में उनकी जानकारी और अनुमति के बिना दो शौचालयों का निर्माण भी कराया जा रहा है, जिससे शैक्षणिक व्यवस्था प्रभावित हो रही है और विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध कक्षों की संख्या घट रही है।
उन्होंने यह भी बताया कि प्रशिक्षण कार्यक्रमों के दौरान विद्यालय परिसर में दोपहिया वाहनों की भीड़ और शोर-शराबा बढ़ जाता है, जिससे नियमित पढ़ाई बाधित होती है।
प्रधानाध्यापिका ने आरोप लगाया कि फाउंडेशन सहमति से अधिक क्षेत्र का उपयोग कर रहा है। उन्होंने कलेक्टर से निष्पक्ष जांच कराते हुए फाउंडेशन को विद्यालय परिसर से अलग करने और विद्यालय हित में आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है।

