मोहम्मद इसहाक मदनी, ब्यूरो चीफ, मैहर (मप्र), NIT:

नरसिंहपुर कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले ने कहा कि सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों का निराकरण संतुष्टिपूर्वक दर्ज करें। कार्यालय प्रमुखों के द्वारा सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों की मॉनीटरिंग नियमित रूप से की जाए, जिससे सीएम हेल्पलाइन के लंबित प्रकरणों का निराकरण समय सीमा में पूर्ण हो सके। उन्होंने कहा कि सीएम हेल्पलाइन में स्पेशल क्लोज वाले प्रकरणों का प्रस्ताव तत्काल प्रस्तुत करें, जिससे उन प्रकरणों का समय सीमा में निपटारा हो सके। कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले सोमवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय सीमा की बैठक में उक्त निर्देश दिये। इस अवसर पर सीईओ जिला पंचायत श्री दलीप कुमार और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद थे।

कलेक्टर श्रीमती पटले ने आयोजित बैठक में सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों में 50 दिवस के लंबित शिकायतों, विभागीय ग्रेडिंग तथा सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों में संतुष्टिपूर्वक की गई निराकरण की समीक्षा की। उन्होंने इसके बाद जिले में हुई अतिवर्षा को देखते हुए पुल- पुलियो, सड़क- मार्गों एवं भवनों की स्थिति पर निगरानी रखने के निर्देश दिये। बैठक में निर्माण एजेंसी पीडब्ल्यूडी, पीआईयू, पीएमजीएसवाय, पीएचई, आरईईएस विभाग सहित अन्य विभागों के निर्माण कार्यों की लगातार मॉनीटरिंग करने के लिए कहा।निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की क्षतिग्रस्त होने की संभावना होने पर तत्काल सूचना देने के निर्देश दिये, जिससे किसी भी प्रकार की दुर्घटना न घटे। उन्होंने समस्त मैदानी अमले को अपने- अपने क्षेत्रों का भ्रमण कर अतिवर्षा के संबंध में नियमित रूप से रिपोर्टिंग करने के निर्देश दिये। कलेक्टर श्रीमती पटले ने जिले में संचालित आंगनबाड़ी केन्द्रों, स्कूलों, अस्पताल, पुल- पुलियो, सड़क- मार्ग इत्यादि की स्थिति पर निगरानी रखने को कहा। उन्होंने सभी अधिकारियों को मैदानी अमले से अतिवर्षा के संबंध में जानकारी प्राप्त करने के निर्देश दिये। कलेक्टर श्रीमती पटले ने ई- सिस्टम के संबंध में भी समीक्षा की।

निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की क्षतिग्रस्त होने की संभावना होने पर तत्काल सूचना देने के निर्देश दिये, जिससे किसी भी प्रकार की दुर्घटना न घटे। उन्होंने समस्त मैदानी अमले को अपने- अपने क्षेत्रों का भ्रमण कर अतिवर्षा के संबंध में नियमित रूप से रिपोर्टिंग करने के निर्देश दिये। कलेक्टर श्रीमती पटले ने जिले में संचालित आंगनबाड़ी केन्द्रों, स्कूलों, अस्पताल, पुल- पुलियो, सड़क- मार्ग इत्यादि की स्थिति पर निगरानी रखने को कहा। उन्होंने सभी अधिकारियों को मैदानी अमले से अतिवर्षा के संबंध में जानकारी प्राप्त करने के निर्देश दिये। कलेक्टर श्रीमती पटले ने ई- सिस्टम के संबंध में भी समीक्षा की।

