अबरार अहमद खान/जमशेद आलम, भोपाल (मप्र), NIT:
24 सितंबर 2024 को फरयादिया द्वारा थाना शाहजहांनाबाद भोपाल में अपनी पांच वर्षीय बेटी के बिना बताये घर से चले जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी जिस पर थाना शाहजहाँनाबाद भोपाल में गुम इंसान क्रः- 48/2024 कायम कर जाँच में लिया गया। दौराने जाँच सूचक सीमा भालसे से पूछताछ कर कथन लेख किये गये जिसने अपने कथन में बताया कि मेरी मल्टी में मच्छरों की दवा छिडकने के लिये कुछ लोग आये थे उसी के बाद से मेरी लड़की का कोई पता नहीं चल रहा है। गुम इंसान जाँच पर दवा छिड़कने के लिये कुछ लोग आये थे, उसी के बाद से मेरी लड़की का कोई पता नही चल रहा है। गुम इंसान जाँच पर अज्ञात आरोपी द्वारा नाबालिग बालिका को बहला-फुसलाकर अपहृत कर ले जाने की शंका पर से अज्ञात आरोपी द्वारा अपराध धारा 137(2)BNS का घटित करना पाये जाने से अपराध क्रमांक 525/24 पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। अपराध की गंभीरता को देखते हुये वरिष्ठ अधिकारियों ने आरोपियों की तलाश पतारसी हेतु आदेशित किया। क्राइम ब्रांच की पूरी टीम को भी इस संवेदनशील अपराध में पतारसी हेतु लगाया गया था।

घटना में पुलिस आयुक्त के द्वारा स्वयं घटना स्थल का निरीक्षण किया गया। सभी वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा सैकड़ों पुलिसकर्मियों की मदद से घटना की पतारसी, तलाशी एवं पड़ताल के लिये 48 घंटें निरंतर अभियान चलाया गया। क्षेत्र के आसपास के कई सीसीटीवी फुटेज खंगाले गये। कई घंटों बैठकर सीसीटीवी फुटेज की पड़ताल की गई। कई लोगों से घटना के संबंध में पूछताछ पुलिस द्वारा की गई। पुलिस लगातार सभी प्लेटों की तलाशी ले रही थी तभी पुलिस को कोइसपूरे फ्लेट की बारीकी से तलाश करने पर छुपी हुई छत के अंदर अदृश्य स्थान पर एक संदिग्ध पानी की टंकी, टॉड़ पर दिखाई दी, जिस पर दो सिपाहियों को चढ़ाकर मेहनत के बाद नीचे उतारा गया। टंकी नीचे उतारते ही प्रथम दृष्टया किसी मृत शरीर की शंका हुई जिसकी पुष्टि कपड़ा हटाने से हुई। मृतिका का शव पोस्ट मार्टम हेतु अस्पताल भेजा गया है जहां पर उसका पोस्ट मार्टम जारी है। रिपोर्ट पश्चात अन्य तथ्यों का खुलासा होगा। जिस फ्लेट से पुलिस को मृतिका का शरीर बरामद हुआ उसमें बसंती बाई पति अमर निहाले उम्र 55 वर्ष उसकी लड़की चंचल के साथ निवास करती है। उनके साथ में उसका पुत्र अतुल निहाले पिता अमर सिंहनिहाले उम्र 32 वर्ष भी निवास करता है। आरोपी घटना के बाद घर से फरार हो गया था जिसको क्राइम ब्रांच की टीम ने घेराबंदी करके पकड़ा। अतुल स्थाई रुप से निवासी अंबेडकर मोहल्ला मोहम्मदपुर तहसील गोगांवा जिला खरगोन का निवासी है। अतुल पांच माह पहले अपने मूल निवास खरगोन जिले से यहां आया हुआ है। अतुल आपराधिक प्रवृत्ति का है और महिला उत्पीड़न में अप.क्र 232/20 धारा 294, 354 डी भादवि थाना गोगांवा जिला खरगोन में जेल काट चुका है। आरोपी के द्वारा पूछताछ में बालिका की हत्या कर लाश को छुपाना स्वीकार कर लिया है। आरोपी ने बताया कि वह अगर थोड़ी देर और नहीं पकड़ा जाता तो वह ट्रेन में बैठकर भाग जाता। इसके अतिरिक्त आरोपी ने यह भी स्वीकर किया कि उसने बालिका की तत्काल ही हत्या कर लाश टंकी में ले जाकर बाहर फेंकना चाहता था परंतु तत्काल पुलिस के आने के कारण लाश को ठिकाने नहीं लगा पाया। हत्या के पश्चात आरोपी नें लाश को कपडे में लपटेकर टंकी में डाल दिया, टंकी को घर में गुप्त स्थान पर छुपा दिया। उसके बाद भी आरोपी ने लाश के कई बार ठिकाने लगाने का प्रयास किया ताकि पुलिस को कोई साक्ष्य नहीं मिले। चूकि घटना के बाद पुलिस पूरे समय घटना स्थल एवं उसके आस पास मौजूद रही इसलिये लाश घर में मौजूद रही जिसके कारण पूरे आपराधिक षड़यंत्र का खुलासा हो गया। माननीय मुख्यमंत्रीजी के निर्देशानुसार इस अपराध की सघन व त्वरित विवेचना हेतु एस.आई.टी. का गठन किया गया है ताकि आरोपियों को कडी से कडी सजा शीघ्र दिलाई जा सकें।
आरोपियों की जानकारी एवं आपराधिक रिकार्ड
क्र नाम आरोपी पता जाहिरा व्यवसाय आरोपी
से संबंध पूर्व आपराधिक रिकार्ड
1. अतुल निहाले पिता अमर सिंह निहाले उम्र 32 वर्ष निवासी ए- 1 एफ- 02 मल्टी बाजपेयी नगर शाहजहांनाबाद भोपाल स्थाई रुप से निवासी अंबेडकर मोहल्ला मोहम्मदपुर तहसील गोगांवा जिला खरगौन मजदूरी अप.क्र 232/20 धारा 294,354 डी भादवि थाना गोगांवा जिला खरगौन
164/2018 धारा 294, 323, 506, 34 भादवि
124/2015 धारा 457, 380 भादवि
356/2011 धारा 294, 323, 354 भादवि
21/2012 धारा 435 भादवि 317/2017 धारा 294, 323, 327, 506 भादवि
2. बसंती बाई पति अमर निहाले उम्र 55 वर्ष निवासी ए- 1 एफ- 02 मल्टी बाजपेयी नगर शाहजहांनाबाद भोपाल मजदूरी मां मृतिका की लाश एवं घटना की जानकारी होने पर साक्ष्य छुपाना।
3. चंचल पति कालूराम भालसे उंम्र 35 वर्ष स्थाई पता ग्राम बड़वाह जिला खरगौन ए- 1 एफ- 02 मल्टी बाजपेयी नगर शाहजहांनाबाद भोपाल मजदूरी बहन मृतिका की लाश एवं घटना की जानकारी होने पर साक्ष्य छुपाना।

