रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी, ब्यूरो चीफ, झाबुआ (मप्र), NIT:

वर्तमान दौर में जहाँ राष्ट्रीयकृत बैंक अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रही हैं वहीं आज कल नेट बैंकिंग के युग में आम आदमी को डिजिटल की तरफ बढ़ने में कठिनाई भी आ रही है, ऐसे में थांदला की भारतीय स्टेट बैंक की कृषि विकास शाखा सारे मिथक तोड़ते हुए यहाँ पदस्थ मैनेजर रामजी राय के नेतृत्व में किसानों व उपभोक्ताओं को हर सुविधा प्रदान कर रही है।
यहाँ आने वालें ग्राहकों से कर्मचारी दोस्ताना व्यवहार करते हुए उन्हें संतोषप्रद जवाब देते हैं जो किसी भी बैंक में देखने को नहीं मिल रही है।
कृषि सम्बन्धी ऋण सहित अन्य ऋण के साथ वर्तमान समय में उपयोगी बीमा सुविधा के लिए उनका आग्रह बना रहता है। बैंक से जुड़े पूर्व कर्मचारी अब्दुल समद खान भी सेवा निवृत्ति के बाद भी अपनी निःशुल्क सेवाएं दे रहे है।
यही नहीं बैंक मैनेजर व सहयोगी कर्मचारी हमेशा समाजसेवा के लिए भी सजग रहते हैं। पिछले दिनों नगर में इनके द्वारा आईटीआई परिसर, नवोदय केंद्रीय विद्यालय, शासकीय विद्यालयों व पुलिस परिसर में पौधारोपण व गार्डनिंग की गई वहीं आरओ युक्त वाटर कूलर भी लगाया। बैंक द्वारा समय समय पर ग्राहकों के लिए कैम्प आयोजित कर उन्हें नई तकनीकों की जानकारी भी दी जाती है।
