मेघनगर में श्रीमद्भागवत कथा में उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़, संत कमल किशोर नागर ने बताया मौन और गौसेवा का महत्व | New India Times

रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी/पंकज बड़ोला, झाबुआ (मप्र), NIT:

मेघनगर में श्रीमद्भागवत कथा में उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़, संत कमल किशोर नागर ने बताया मौन और गौसेवा का महत्व | New India Times

भगवान की कृपा और गुरु के आशीर्वाद से ही कथा करवाने का अवसर प्राप्त होता है। एक वर्ष में कम से कम एक माह का मौन अवश्य रखना चाहिए, क्योंकि मौन की शक्ति अपार होती है।

मेघनगर में श्रीमद्भागवत कथा में उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़, संत कमल किशोर नागर ने बताया मौन और गौसेवा का महत्व | New India Times

दैनिक जीवन में हम अपने अधिकांश शब्द लोभ और संसार की अनावश्यक बातों में व्यर्थ खर्च कर देते हैं। अनावश्यक बोलने से बचना चाहिए और केवल आवश्यकता पड़ने पर ही बोलना चाहिए।

मेघनगर में श्रीमद्भागवत कथा में उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़, संत कमल किशोर नागर ने बताया मौन और गौसेवा का महत्व | New India Times

हजार काम छोड़कर प्रतिदिन स्नान अवश्य करना चाहिए, लाख काम छोड़कर अधिक से अधिक दान देना चाहिए और करोड़ों काम छोड़कर भगवान का भजन करना चाहिए। जब भी कहीं कथा होने का पता चले, तो घर से कथा श्रवण के लिए अवश्य निकलना चाहिए।

कथा के यजमान बनने के लिए तीन बातें अत्यंत महत्वपूर्ण होती हैं— भगवान की कृपा, गुरु का आशीर्वाद और पुण्य का उदय। यही सकारात्मक संयोग मेघनगर के श्री सुरेशचंद्र पूरणमल जैन एवं उनके परिवार को प्राप्त हुआ है।

नवकार मंत्र का महत्व जिस प्रकार जैन समाज में है, उसी प्रकार सनातन धर्म में ओमकार का महत्व माना गया है।

यह विचार मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध तीर्थ स्थल श्री वनेश्वर मारुति नंदन हनुमान मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के दौरान प्रसिद्ध संत पंडित कमल किशोर नागर जी ने अपने मुखारविंद से व्यक्त किए।

उन्होंने कथा के दौरान भगवान श्रीकृष्ण एवं गोपियों की लीलाओं का सुंदर और अलौकिक वर्णन किया। साथ ही गौमाता का महत्व बताते हुए गौसेवा को सबसे बड़ी सेवा बताया। पंडित श्री कमल किशोर नागर प्रतिदिन अपनी कथा में गौमाता के महत्व का वर्णन कर रहे हैं तथा क्षेत्रवासियों को गौसेवा एवं पक्षियों के लिए जगह-जगह जलसेवा की व्यवस्था करने के लिए प्रेरित कर रहे हैं।

फुटतालाब प्रांगण में चल रही श्रीमद्भागवत कथा को सुनने के लिए प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। आयोजन स्थल पर ठंडे जल एवं प्रतिदिन भंडारे की व्यवस्था समाजसेवी श्री सुरेशचंद्र पूरणमल जैन, श्री राजेश (रिंकू) जैन, मंदिर महंत श्री दिलीप दास महाराज एवं समिति सदस्यों द्वारा की गई है।

वहीं, आयोजन के लिए विभिन्न स्थानों से निशुल्क बसों की व्यवस्था भी प्रतिदिन की जा रही है। आयोजन समिति की ओर से महिला मंडल की वरिष्ठ सदस्य श्रीमती सीमा सुरेश जैन एवं श्रीमती नीता राजेश जैन ने ग्रामीण अंचल की माताओं एवं बहनों से प्रतिदिन दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक कथा में शामिल होने का अनुरोध किया है।

साथ ही जैकी जैन ने क्षेत्र के युवाओं से भी अपील की है कि वे प्रतिदिन फुटतालाब पहुंचकर कथा श्रवण करें और धर्म लाभ प्राप्त करें।

By nit

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Gift this article