वी.के. त्रिवेदी, ब्यूरो चीफ, लखीमपुर खीरी (यूपी), NIT:

उत्तर प्रदेश के जनपद लखीमपुर खीरी के थाना हैदराबाद क्षेत्र के गांव भल्लिया बुजुर्ग में प्रधानी चुनाव के बाद करीब दर्जन भर लोगों ने गांव से पलायन के लिए अपने घरों पर बिक्री के पोस्टर लगाए हैं। इन पर लिखा है कि योगी सरकार में हिन्दू सुरक्षित नहीं। यह स्थिति गांव में दूसरे समुदाय के प्रधान के जीत जाने के बाद से उत्पन्न हुई है।पीड़ितों का कहना है कि उनके घरों पर अक्सर पथराव होता है, खाना बनाना और खाना मुश्किल हो गया है। उधर पुलिस ने गांव में पहुंचकर शांति बहाली के लिए पीड़ितों को समझना शुरू कर दिया है। पीड़ितों का कहना है कि ये दहशत के माहौल में आखिर कब तक जिएंगे।ग्रामवासी राम अवतार, मैकूलाल, सनी, विजय पाल आदि ग्रामीणों ने अपनी दीवारों पर मकान बिकाऊ है के पोस्टर लगाते हुए कहा है कि योगी सरकार में भी हिन्दू सुरक्षित नहीं है। गांव में इस तरह के पोस्टर लगाए जाने की खबर मिलते ही पुलिस और प्रशासन में हडकंप मच गया।थानाध्यक्ष हैदराबाद अजय कुमार शर्मा ने गांव पहुंचकर पोस्टर हटवाए और पीड़ित परिवारों को समझाया। पीड़ितों का आरोप है कि थानाध्यक्ष ने कुछ ग्रामीणों पर दबाव डालकर वीडियो भी बनावाया है। राम अवतार ने बताया कि गांव में लगभग 4000 की आबादी है जिनमें करीब 30 प्रतिशत लोग हिन्दू समुदाय के हैं। मैकुलाल की पुत्रवधू आरती ने बताया कि उनके घरों में अक्सर पत्थरों की बरसात होने लगती है, गांव में जीना मुश्किल हो गया है।आये दिन विशेष समुदाय के लोग बदसलूकी करते हैं।समाचार पत्रों ने पहले भी इस गांव में विजय जुलूस निकाले जाने पर हुए बवाल में इस बात के संकेत दिये थे कि सांप्रदायिक तनाव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है और पुलिस को सावधानी बरतनी चाहिए लेकिन पुलिस ने इस सुझाव को अनदेखा किया जिसका परिणाम अब सामने है कि पूरी तरीक़े से गांव में स्थिति तनावपूर्ण बन गई है।हांलाकि पुलिस अब भी तनावपूर्ण स्थिति को नकार रही है। इससे कहीं हालत ज्यादा खराब न हो जाये।
गांव में तनाव की कोई बात नहीं: थानाध्यक्ष
थानाध्यक्ष हैदराबाद अजय कुमार शर्मा का कहना है कि ऐसी कोई बात नहीं है। गांव में किसी ने साजिशन पोस्टर लगाए हैं और गांव में कोई तनाव की स्थिति नहीं है हर किसी को सुरक्षा प्रदान करना पुलिस का कर्तव्य है। गांव में पुलिस तैनात कर दी गई है ताकि व्यवस्था बनी रहे।
