यूसुफ खान, ब्यूरो चीफ, धौलपुर (राजस्थान), NIT:

जेंडर ऑडिट अंतर्गत नेशनल अचीवमेंट सर्वे पश्चात लर्निंग रिकवरी प्लान की तीन दिवसीय कार्यशाला का आयोजन सहेली प्रशिक्षण केंद्र में सीडीईओ मुकेश कुमार गर्ग के निर्देशन में कार्यक्रम अधिकारी महेश कुमार गोयल की देखरेख में शुरू हुआ। कार्यशाला में प्रथम दिवस में कक्षा 8 व कक्षा 10 के 50 प्रतिशत के कम प्रगति वाले लर्निंग आउट कम्स का विषयवार चिन्हीकरण कर डाटा तैयार कर रिकवरी प्लान तैयार करने पर चर्चा की की गई इस दौरान गतिविधियों का चयन कर सामग्री का निर्धारण जैसे नुक्कड़ नाटक व अन्य एवं बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने वाले बिंदुओं पर चर्चा की गई। कार्यक्रम अधिकारी महेश कुमार गोयल ने बताया कि विद्यालयों में अध्यनरत छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय एवं राज्य स्तर पर कई नए प्रयास किये जाते है इन सबका उद्देश्य विद्यालयी छात्रों में शैक्षिक गुणवत्ता का विकास और अच्छी उपलब्धि स्तर को हासिल करना होता है जिससे छात्रों के समग्र मूल्यांकन के माध्यम से विकास की एक निश्चित योजना बनाकर उनका उन्नयन किया जा सके किसी विद्यार्थी के लिए पाठ्यक्रम में सीखने के जो लक्ष्य या दक्षतायें निर्धारित की जाती हैं तथा जिन्हें ध्यान में रखकर शिक्षक अपने दैनिक कक्षा शिक्षण को संपादित करते हैं और कक्षा के इतर अनेक सह शैक्षिक गतिविधियों को आयोजित करते हैं उन्हें LOs लर्निंग आउटकंम्स कहते हैं उन्होंने बताया कि जिला एवं ब्लॉक स्तर पर शिक्षा के क्षेत्र में नवाचारी उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों का चयन किया जाएगा जिसमें जिला स्तर पर 20 शिक्षकों को 2500 रुपये नकद राशि,प्रशस्ति पत्र मोमेंटो एवं ब्लॉक स्तर पर 10 शिक्षकों को 1000 रुपये नकद राशि प्रशस्ति पत्र, मोमेंटो का पुरस्कार दिया जाएगा। इस कार्यशाला में सहभागी शिक्षक के रूप में भगवान सिंह मीना बृजमोहन शर्मा संदीप कुमार ललित कुमार धर्मवीर सिंह धौर्य,सुरेखा अरुण तिवारी ललित मित्तल गोपाल प्रसाद आशु शर्मा विजय कुमार अम्बोज कुमार त्यागी देवी प्रसाद शर्मा बृजेन्द्र कुमार शर्मा नरेंद्र कुमार शर्मा अवधेश प्रताप सारस्वत सहित अन्य मौजूद रहे।
