मेहलक़ा इक़बाल अंसारी, बुरहानपुर (मप्र), NIT:

विश्व पर्यावरण दिवस पर पर्यावरण प्रेमी, समाजसेवी एवं युवा अधिवक्ता भूपेंद्र कुमार जुनागढ़े/ भावसार ने अपना संदेश जारी कर पर्यावरण की सुरक्षा के लिए देश के युवाओं से कहा कि प्रदूषण और ग्लोबल वार्मिंग के इस दौर में पर्यावरण को बचाने के लिए और देश में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए देश के युवाओं से बड़ी उम्मीद है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण मानव जीवन का अभिन्न अंग है, जिसके अभाव में हमारे जीवन की कल्पना तक नहीं की जा सकती है एवं वर्तमान परिपेक्ष में बढ़ रहे प्रदूषण, प्राकृतिक प्रकोप, अति अल्प वर्षा, ओलावृष्टि, जल संकट, ग्लोबल वार्मिंग जैसे हानिकारक तत्व एक गंभीर चिंता का विषय बन गया है जिसे ध्यान में रखते हुए भारतीय नागरिकों का परम कर्तव्य है कि हम पर्यावरण संरक्षण के प्रति विशेष रुप से ध्यान दें। अन्यथा इसके संकटमय दूरगामी परिणाम देखे जा सकते हैं। जिसका उदाहरण हमारे सामने स्पष्ट दिखाई दे रहा है जैसे ग्लोबल वार्मिंग, प्रकृति प्रकोप साथ ही पर्यावरण के प्रति जागरूकता अपनाई जाकर वनस्पति, प्राणी, जीव जंतु, पशु जगत के संरक्षण, नदी,जल संरक्षण पर भी विशेष ध्यान दिया जाना नितांत आवश्यक है। वृक्षारोपण, जल संरक्षण, प्रदूषण उन्मूलन की ओर ध्यान दिया जाना अति आवश्यक हो गया है। पर्यावरण संरक्षण संवर्धन आज के समय की सबसे बड़ी मांग है। इस हेतु अधिक से अधिक व्यापक रूप से पर्यावरण के प्रति शिक्षा और जागरूकता हमारे समाज में फैलाई जाए। गौरतलब है कि जीवन के बेहतर और अधिक प्राकृतिक बनाने के लिए पूरे विश्व भर में पर्यावरण में कुछ सकारात्मक बदलाव लाने के लिए विश्व पर्यावरण दिवस अभियान की स्थापना की गई है। आजकल पर्यावरण संकट बहुत बड़ा मुद्दा है जिसके बारे में हम सभी को व्यवहारिक रूप में जागरूक होना चाहिए और इस परेशानी का सामना करने के लिए अपने सकारात्मक प्रयासों को करना चाहिए। प्रदूषण और ग्लोबल वार्मिंग के वातावरण से सकारात्मक बदलाव को लाने के लिए हमारे देश के युवा सबसे बड़ी उम्मीद हैं। हमारे पर्यावरण की स्थिति प्रदूषण और ग्लोबल वार्मिंग के कारण दिन प्रतिदिन गिरती जा रही है। हमारे बेहतर भविष्य के लिए पर्यावरण की सुरक्षा के लिए हमें देश के पर्यावरण विकास को बढ़ावा देना चाहिए।
