एनएसयूआई ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपते हुए उन हॉस्पिटलों की जांच की मांग की है जिनके पास ना तो पर्याप्त मात्रा में बेड हैं और ना ही स्टाफ | New India Times

अबरार अहमद खान/मुकीज़ खान, भोपाल (मप्र), NIT:

एनएसयूआई ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपते हुए उन हॉस्पिटलों की जांच की मांग की है जिनके पास ना तो पर्याप्त मात्रा में बेड हैं और ना ही स्टाफ | New India Times

मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में हॉस्पिटल खोलने का सिलसिला बड़ी तेज़ी से चल रहा है। ऐसे में एनएसयूआई मेडिकल विंग के प्रदेश समन्वयक रवि परमार ने राजभवन पहुँच कर
राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपते हुऐ उन अस्पतालों की जाँच की मांग की है जिनके पास ना तो पर्याप्त मात्रा में बेड हैं और ना ही स्टाफ हैं।

एनएसयूआई ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपते हुए उन हॉस्पिटलों की जांच की मांग की है जिनके पास ना तो पर्याप्त मात्रा में बेड हैं और ना ही स्टाफ | New India Times

रवि परमार का आरोप है कि मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. प्रभाकर तिवारी द्वारा सभी नियमों को दरकिनारे करते हुये कई अस्पतालों को मान्यता दी गई जिन के पासना तो पर्याप्त मात्रा में बेड हैं और ना ही स्टाफ हैं। सीएमएचओ द्वारा उन अस्पतालों के भी 100 बेड, 200 बेड से लेकर 300 बेड के लाईसेंस और रजिस्ट्रेशन जारी कर दिये गये हैं।
परमार ने कहा कि सीएमएसओं द्वारा कई फर्जी अस्पतालों को मान्यता दी गई भोपाल में सैकड़ों अस्पतालों के पास नियम अनुसार वार्ड और बेड की भी सुविधाएं नहीं हैं इन अस्पतालों की मान्यता नर्सिंग काॅलेज और पैरामेडिकल काॅलेज खोलने के लिये करवाई गई लेकिन बिना व्यवस्थित अस्पतालों के नर्सिंग काॅलेज और पैरामेडिकल काॅलेज छात्र-छात्राओं को कैसे ट्रेनिंग दे पायेगें ये मध्यप्रदेश के हजारों छात्र-छात्राओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।

By nit

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.