पीयूष मिश्रा, सिवनी (मप्र), NIT;
सिवनी जिले की घंसौर तहसील के सामुदायिक स्वस्थ केंद्र में पदस्थ (पोस्ट B, E ,E ) किरण गजभिये के द्वारा वाट्सएप ग्रुप हेल्थ सिवनी में ब्राह्मण समाज पर अभद्रता पूर्वक टिप्पणी की गई है जिससे ब्राह्मण समाज इस टिप्पणी से बहुत ही आहत हुआ है। इस की जानकारी जब जिले के स्थानीय संगठन एवं अंतर्राष्ट्रीय ब्राह्मण महासंस्था के पदाधिकारियों को लगी तो इसे गंभीरतापूर्वक लेकर समाजिक बैठक की, बैठक में निर्णय लिया गया कि यह बहुत ही गलत कृत्य है इसलिए इस पर ठोस कदम उठाया जाये। तत्पश्चात सिवनी कोतवाली, लखनादौन एवं घंसौर थाने में ब्राह्मण समाज के लोगों ने लिखित रूप से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की।
विदित रहे कि इस तरह की घटना पहली बार नहीं हुई है। कुछ दिन पूर्व ही सिवनी जिले के 2 शिक्षकों ने भी इसी तरह के संदेश सोशल मीडिया पर डाले थे। इस विषय को संज्ञान में लेते हुये जिला कलेक्टर ने जांच के आदेश दिये थे जिसमें शिक्षक दोषी पाये गये थे। हालांकि जिला कलेक्टर ने इन घटनाओं के पूर्व ही जिले के सभी कर्मचारियों को फरमान जारी किया था की कोई भी कर्मचारी शोशल मीडिया पर किसी भी समाज को लेकर ऐंसे संदेशों को फार्वर्ड ना करे जिससे समाज में वैमनस्यता फैले, लेकिन आलम यह है की सिवनी कलेक्टर के आदेशों को हवा हवाई बनाया जा रहा है।
सूत्रों से मिली जानकारी से यह भी पता चलता है की (B ,E, E ) किरण गजभिये ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर धर्म परिवर्तन का जाल फैला रहीं हैं और उसी की वजह यह रही कि सोशल मीडिया पर भी अपनी प्रतिक्रिया देने लगीं। बहरहाल अब देखना यह है की इस मामले में प्रशासन इसे कितनी गंभीरता से लेता है?
