रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी, ब्यूरो चीफ, झाबुआ (मप्र), NIT:

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने धार जिले के पीथमपुर औद्योगिक क्षेत्र में लियुगोंग इंडिया प्राइवेट लिमिटेड की 272 करोड़ रुपये की नई विनिर्माण इकाई का भूमि-पूजन कर प्रदेश के औद्योगिक विकास को नई दिशा दी। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया और कहा कि राजा भोज की इस पावन भूमि पर स्थापित होने वाला यह उद्योग प्रदेश के विकास और रोजगार सृजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि पीथमपुर मध्यप्रदेश के औद्योगिक विकास का ग्रोथ इंजन है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रदेश तेजी से निवेश का प्रमुख केंद्र बनकर उभर रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री द्वारा पूर्व में धार में विशाल वस्त्र उद्योग पार्क का लोकार्पण किया जा चुका है और अब यह नई इकाई ‘मेक इन इंडिया’ तथा ‘मेक फॉर द वर्ल्ड’ के संकल्प को नई गति देगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने बीते वर्ष को उद्योग वर्ष के रूप में मनाया तथा पहली बार राजधानी भोपाल में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS) आयोजित की, जिसके परिणामस्वरूप 30 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए। इनमें से 10 लाख करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं पर कार्य शुरू हो चुका है। उन्होंने बताया कि 1 जनवरी से 30 जून तक प्रदेश को 76,862 करोड़ रुपये से अधिक के नए निवेश प्रस्ताव मिले हैं, जिनसे लगभग 82 हजार युवाओं को रोजगार मिलने की संभावना है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश को 10 हजार करोड़ रुपये से अधिक का विदेशी निवेश भी प्राप्त हुआ है, जो प्रदेश में निवेशकों के बढ़ते विश्वास का प्रमाण है।
डॉ. यादव ने कहा कि पिछले कुछ दिनों में प्रदेश में कई बड़ी औद्योगिक परियोजनाओं की शुरुआत हुई है। 8 जुलाई को पीथमपुर में 272 करोड़ रुपये की लियुगोंग इंडिया यूनिट का भूमि-पूजन, 6 जुलाई को सतगढ़ी में 150 करोड़ रुपये की लागत वाले डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्मार्ट इंडस्ट्रियल पार्क का भूमि-पूजन, 5 जुलाई को शिवपुरी में 2,500 करोड़ रुपये की अडाणी डिफेंस यूनिट का भूमि-पूजन, 30 जून को उज्जैन में 1,250 करोड़ रुपये की पेप्सिको विनिर्माण इकाई का शुभारंभ तथा 29 जून को नीमच में 1,554 करोड़ रुपये की लागत से 38 नई औद्योगिक इकाइयों की सौगात दी गई। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार केवल घोषणाएं नहीं करती, बल्कि योजनाओं को धरातल पर उतारने का कार्य भी करती है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि लियुगोंग इंडिया की उत्पादन क्षमता वर्तमान में 3,250 मशीनों की है, जो नए संयंत्र के शुरू होने के बाद बढ़कर 7,500 मशीन प्रतिवर्ष हो जाएगी। इससे स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा और प्रदेश के औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी।
इस अवसर पर लियुगोंग इंडिया के ग्लोबल वाइस चेयरमैन ल्यू गोवेन ने कहा कि नया संयंत्र रोजगार, आधुनिक मशीनरी निर्माण और अनुसंधान का प्रमुख केंद्र बनेगा तथा प्रदेश और देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देगा। वहीं, कंपनी के वरुण विजयवर्गीय ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश में औद्योगिक विकास तेजी से आगे बढ़ रहा है। वर्ष 2009 से उत्पादन कर रही लियुगोंग इंडिया अब ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ के लक्ष्य को साकार करने में महत्वपूर्ण योगदान देगी।

