अबरार अहमद खान/मुकीज खान, भोपाल (मप्र), NIT:

छिंदवाड़ा कलेक्टर श्री शीलेन्द्र सिंह ने कानून व्यवस्था एवं जनसामान्य की सुरक्षा, असामाजिक बाहरी तत्वों पर नियंत्रण रखने तथा जनहित में सार्वजनिक संपत्ति की सुरक्षा को नियंत्रित करने का हवाला देते हुऐ जिले की तहसील हर्रई में प्रस्तावित शक्कर पेंच लिंक संयुक्त परियोजना फेज-1 हर्द बांध के निर्माण से संबंधित किसी भी भ्रामक सूचना के सोशल मीडिया पर प्रसार पर प्रतिबंध लगा दिया है। यह आदेश भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के तहत जारी किया गया है। वहीं प्रेस क्लब ऑफ वर्किंग जर्नलिस्ट के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉक्टर सैय्यद खालिद कैस एडवोकेट ने इस आदेश को असंवैधानिक करार दिया है।
डॉक्टर सैय्यद खालिद कैस एडवोकेट का कहना है कि गत दिनों श्री शीलेन्द्र सिंह, जिला दण्डाधिकारी छिन्दवाड़ा द्वारा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुये “जिला छिंदवाड़ा के तहसील हर्रई की समस्त राजस्व सीमाओं में किसी भी सोशल मीडिया प्लेटफार्म, व्हाट्सएप, यूट्यूब, फेसबुक, ट्वीटर आदि के माध्यम से बांध निर्माण से संबंधित मैसेज/वीडियो पोस्ट किया जाना अथवा भ्रामक खबरें प्रसारित करना प्रतिबंधित करने का आदेश पारित कर भारत के संविधान में अनुच्छेद 19(1)(ए) के साथ अनुच्छेद 19(2) में भाषण और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की गारंटी के रूप में मौलिक अधिकार का हनन किया है। श्री कैस ने कहा जबकि भारत के संविधान में अनुच्छेद 19(1)(ए) के साथ अनुच्छेद 19(2) में भाषण और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की गारंटी के रूप में मौलिक अधिकार के रूप में प्रेस की स्वतंत्रता को लागू करने और बनाए रखने का अधिकार दिया है।

