PM स्व निधि के लिए बैंकों के पास नहीं है पैसा, ऋण की प्रतीक्षा में लाखों आवेदन, नकली रेहड़ी पटरी वालों ने उठाया योजना का लाभ | New India Times

नरेन्द्र कुमार, ब्यूरो चीफ़, जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

PM स्व निधि के लिए बैंकों के पास नहीं है पैसा, ऋण की प्रतीक्षा में लाखों आवेदन, नकली रेहड़ी पटरी वालों ने उठाया योजना का लाभ | New India Times

1 जून 2020 को कोरोना काल में रेहड़ी पटरी वालों की आर्थिक सहायता के लिए लॉन्च की गई PM स्व निधि योजना को आज तीन साल बाद 2024 के लोकसभा चुनावों के ठीक पहले मोदी सरकार के प्रचार में उतारा गया है। आनेवाले दिनों में सरकार के नाम पर भाजपा का गुणगान करने के लिए सरकारी तिजोरी से निकाली जाने वाली यात्रा के रथ प्रचारक बनाने जा रहे जिलाधिकारी PM स्व निधी का प्रचार करते नजर आएंगे। जलगांव जिले के सभी तालुको में स्व निधि योजना बुरी तरह से फेल हो चुकी है। राष्ट्रीयकृत बैंको ने स्व निधी योजना के लाभ धारकों को ऋण देने से मना कर दिया है। बैंको का कहना है की उनका कोटा अब खत्म हो चुका है। रावेर लोकसभा सीट से भाजपा के कद्दावर उम्मीदवार माने जाते गिरीश महाजन के गृह नगर जामनेर मे सैकड़ों आवेदन स्व निधी की प्रतीक्षा में है।

PM स्व निधि के लिए बैंकों के पास नहीं है पैसा, ऋण की प्रतीक्षा में लाखों आवेदन, नकली रेहड़ी पटरी वालों ने उठाया योजना का लाभ | New India Times

नगर परिषद ने 1500 से अधिक ऋण प्रस्तावों को मंजूरी दी जिसके बाद जरूरतमंद सिर्फ फॉर्म ही भर रहे हैं। NIT ने पड़ताल में पाया कि इस स्कीम के लिए नकली रेहड़ी पटरी वालों को जमकर ऋण बांटा गया है। महाराष्ट्र में शॉप एक्ट पंजीकरण प्रक्रिया पूरी तरह से बंद है। मुद्रा लोन योजना के ऋण वितरण को भाजपा के खास आदमीयों की सहमती के पश्चात लाभ धारकों के चेहरे और विचार चरित्र देख कर अंजाम दिया गया था। मुद्रा योजना का सबसे अधिक फायदा उन करोड़पति धन्नासेठों ने उठाया जो अल्पसंख्यकों के खिलाफ़ की जाने वाली नफरती धार्मिक राजनीति को आर्थिक रूप से सींचते हैं। PM स्व निधि योजना दिसंबर 2024 तक चलने वाली है इस योजना से वंचित रखे गए सच्चे रेहड़ी पटरी वाले गरीब तत्व ” हर हाथ शक्ती ” इस संकल्प के पूर्ति का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।


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