रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी, पंकज बडोला, झाबुआ (मप्र), NIT:

जिनशाशन गौरव आचार्य उमेश मुनीजी के शिष्य प्रवर्तक जिनेन्द्र मुनिजी की आज्ञा मेआत्मोत्थान वर्षावास हेतु विराजित अणुवत्स पूज्य संयत मुनिजी आदि ठाना 4 के पावन सनिध्य में आत्मोत्थान वर्षावास में अभी तक 11मास खमण तप पूर्ण हुए निरन्तर तपस्या के क्रम मे डूंगर मालवा की शान तप चक्रेश्वरी स्नेहलता वागरेचा के निरंतर 55 वा एवं सुश्रावक मुकेश ललवानी के 17 वा उपवास सहित कई छोटी बड़ी तपस्या गतिमान है। श्रीमती तृप्ति निलेश बड़ोला ने अपने जीवन का प्रथम मास खमण 31 उपवास पूर्ण किये। श्री संघ द्वारा शाल, माला,अभिनन्दन पत्र एवम संघ की भेंट देकर आपका बहुमान किया।
श्रीमती अलका रवी सुराणा ने सहजोडे 5 उपवास, जिनेन्द्र बाफना 5 उपवास, हिमांसी बड़ोला 5 उपवास, अंजू बड़ोला 61 एकासन से आपका बहुमान किया। प्रभावना श्री अणु जिनेन्द्र कॄपा मंडल द्वारा वितरित की गई। सामूहिक सिद्धितप तप आरधको ने 5 उपवास की लडी़ में बेले तप के प्रत्यख्यान ग्रहण किए।
आतिथ्य सत्कार की व्यवस्था श्री संघ द्वारा श्री महावीर भवन पर की गई।
सुश्रावक सु संचालन विपुल धोका ने किया।
