रहीम शेरानी हिदुस्तानी, ब्यूरो चीफ, झाबुआ (मप्र), NIT:

झाबुआ जिले के थांदला में कोविड-19 के चलते कई महीनों से स्थानीय प्रशासन मनमानी और अडीयल रवैया दिखाते हुए मीडिया से दूरी बनाये हुए है फिर भी जागरुक कलमकार अपने स्वाभिमान को जिंदा रखने का भरपुर प्रयास कर रहा हैं लेकिन स्थानीय प्रशासन के आला अधिकारी शासन की योजनाओं को धरातल पर लाने वाले मीडिया से दूरी बनाए हुए हैं. अधिकारियों ने अपनी सारी सीमाओं को लांघ दी है और मर्यादा तोड़ी है फिर भी नगर की मीडिया ने शासन की योजनाओं को धरातल पर लाने में कोई कसर नहीं छोड़ी. हद तो तब हो गई जब इन अधिकारियों ने शासकीय कार्यक्रम में भी मीडिया से दूरियां बनाकर रखी, स्थानीय कोई भी कार्यक्रम हो यह अधिकारी मीडिया से वार्तालाप भी नहीं करते हैं।

कल नगर परिषद द्वारा वार्ड 1 में एक कार्यक्रम का आयोजन किया जिसमें मीडिया से दूरी बनाकर रखी, चंद पत्रकारों को परिषद के पत्रकार बंधु के नाम से संदेश भेजे गए वहीं कल थांदला मीडिया आर-पार की भूमिका में खड़ा था. ऐसे में कल ही कलेक्टर महोदय का भी इसी कार्यक्रम शिरकत करना था, समस्त मीडिया ने कार्यक्रम का बहिष्कार कर नगर से दूर एम जी रोड संस्कार स्कूल के सामने एस बी आई बैंक के सामने कलेक्टर महोदय के काफिले को रोक कर चर्चा की. कलेक्टर महोदय ने विस्तार से चर्चा कर स्थानीय प्रशासन से चर्चा करने व मीडिया और प्रशासन में सामंजस्य की बात कही. नगर के मीडिया द्वारा दिवंगत पत्रकार राकेश पाठक का जो कि कोरोना वायरस से निधन हुआ था उनके परिवार को आर्थिक सहायता व पुत्र को शासकीय सर्विस हेतु ज्ञापन दिया. बहरहाल जो भी हो शासन प्रशासन की योजनाओं को धरातल पर ना लाने हेतु स्थानीय प्रशासन अपनी हठधर्मिता के चलते चतुर्थ स्तंभ को बलि का बकरा बनाने का प्रयास कर रही है जो कि पूर्णरूपेण गलत होकर अपने तानाशाही रवैया से नगर की जनता को भी त्रस्त कर रही है.
इस मौके पर वरिष्ठ पत्रकार कुंदन अरोड़ा, अक्षय भट्ट, सुधीर शर्मा, कमलेश तलेरा, मनोज उपाध्याय, धर्मेंद्र पंचाल, मुकेश अहिरवार, निरंजन भारद्वाज, राजेश डामोर, जावेद खान, अविनाश गिरी, शाहदत खान, जमील खान मुकेश भट्ट, माणक लाल जैन, शाहिद खान, हरीश पंचाल, मनीष बाघेला, नीलिमा डाबी, समकित तलेरा, आत्माराम शर्मा, कुलदीप वर्मा, राजू धानक, पवन नाहर आदि पत्रकार उपस्थित थे.
