नरेन्द्र कुमार, ब्यूरो चीफ़, जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

जलगांव जिले के जामनेर ब्लॉक में एक गरीब गर्भवती महिला ने सरकारी अस्पताल के प्रांगण मे बच्चे को जन्म दिया है। शनिवार 2 मई को वाक़डी के आयुष्मान केंद्र अस्पताल मे एक गर्भवती महिला को प्रसूति के लिए लाया गया। प्रांगण के भीतर आने के कुछ देर बाद महिला को प्रसव पीड़ा होने लगी। सूत्रों ने बताया कि उस समय अस्पताल में एक भी डॉक्टर मौजूद नहीं था। लोगों ने फ़ोन घुमाए तब जा कर सिस्टम हरकत में आया और नदारद डॉक्टर्स अस्पताल की ओर दौड़े।

इसी बीच महिला ने सामान्य रूप से प्रसूत हो कर एक बच्चे को जन्म दिया। डिलीवरी को लेकर अगर कोई गंभीर सीन क्रिएट होता तो क्या होता ? किसी फिल्म के सीन की तरह घटित इस सच्चाई ने प्रशासन के भ्रष्टाचार मे डूबे गैर जिम्मेदार चेहरे को बेनकाब कर दिया है। वाकडी मामले को लेकर आरोग्य विभाग के सीनियर्स ठोस प्रतिक्रिया देने से बचते नजर आए।
30 अप्रैल को ICU के अभाव से प्राइवेट हॉस्पिटल की चांदी वाली रिपोर्ट मे हमने तालुका आरोग्य विभाग के अंदर पनप रही अव्यवस्था की ओर इशारा किया था। जानकारों के मुताबिक वाकडी के साथ साथ पूरे जामनेर तहसील क्षेत्र के आरोग्य विभाग की अस्थापना मे प्रचंड गड़बड़ है जिसकी जिला परिषद के CEO द्वारा सघन जांच करवाई जाने की मांग की जा रही है।
बच्चों ने पढ़ा शिवाजी कौन है :
महाराष्ट्र दिवस के वैचारिक मंथन में कॉमरेड गोविंद पानसरे द्वारा लिखी “शिवाजी कोण होता” यह मराठी किताब घर घर तक पहुंचाई गई। अजय और सुष्मिता ने इस किताब की सैकड़ो प्रतियां माध्यमिक क्लास में पढ़ने वाले छात्रों में वितरित करी। बालकवर्ग कॉमरेड गोविंद पानसरे की किताब से शिवाजी महाराज के समाजवादी स्वराज का सच जानता है तो भविष्य में दंगाई बनने से बचेगा।
पुणे में मराठी अभ्यास केंद्र की ओर से अन्ना भाऊ साठे प्रतिमा सारसबाग से अलका चौक तक प्रभात सैर का आयोजन किया गया। मीडिया के लिए जारी प्रेस नोट के मुताबिक केंद्रीय राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने नागपुर के कोराडी में राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले से मुलाकात की है। खडसे ने छत्रपति शिवाजी महाराज चषक कबड्डी स्पर्धा को शुभकामनाएं प्रदान की।

