फैज़ान खान, गुरुग्राम/नई दिल्ली, NIT:

आरक्षण मामले में भीम सेना के चीफ नवाब सतपाल तंवर ने दिल्ली पर चढ़ाई करने की योजना पर अपना बड़ा बयान दिया है। तंवर ने कहा है कि वाल्मीकि, मजहबी सिख, धानक, चमार, जाटव आदि अनुसूचित जाति, जनजाति की सभी जातियां आपस में भाई हैं। ऐसे में सरकार उनमें आपस में फूट डालकर लड़वाना चाहती है। तंवर ने कहा कि सरकार से बातचीत के कोई रास्ते बंद नहीं हुए हैं। यदि सरकार हमारी मांगों पर विचार करे तो हम बातचीत करने लिए तैयार हैं। भीम सेना के प्रमुख नवाब सतपाल तंवर ने कहा कि हम बार-बार दिल्ली आकर अपनी ताकत नहीं दिखा सकते।
हमने 21 अगस्त को भारत बंद करके अपनी ताकत का एहसास कराया है। ऐसे में हमारा समाज बहुत गरीब और मेहनत मजदूरी करने वाला समाज है। जो बार-बार दिल्ली आकर अपनी दिहाड़ी मजदूरी खराब नहीं कर सकता। लेकिन यदि जरुरी हुआ तो दिल्ली आकर भी बड़ा आंदोलन करेंगे। तंवर ने बीजेपी के कुछ लोगों पर कटाक्ष किया कि वे 11 करोड़ रुपए बीजेपी से लेकर दिल्ली आने के लिए बसें और गाड़ियां लगवा सकते हैं। लेकिन हमारे बहुजन समाज के लिए यह ईमान, धर्म के साथ समझौता करने वाली बात हो जाएगी, जो समाज कतई नहीं करेगा। भीम सेना के संस्थापक ने साफ कर दिया है कि सरकार से कोई भी वार्ता होगी तो बहन कुमारी मायावती जी के नेतृत्व में होगी। तंवर के इस बयान से फिलहाल दिल्ली आंदोलन पर ब्रेक लग गया है।
