फराज़ अंसारी, ब्यूरो चीफ, बहराइच (यूपी), NIT:

बाढ़ ने जहाँ हर तरफ हाहाकार मचा रखा हैं वहीं कैसरगंज तहसील क्षेत्र में फखरपुर ब्लाक के ग्राम पंचायत अल्लीपुर दरोना, नन्दवल केसरवा, दिकुलिया, मंझारा तौकली आदि दर्जनों गांव बाढ़ से परेशान हैं. नाव से गांव में जाकर मीडिया की टीम ने घर घर बाढ़ पीडितों की आप बीती सुनी. ग्रामीण मंगला, प्रेमा, सरीफुन, खालिद, नय्यूम आदि लोगों ने बताया कि कच्चा घर का मकान था सब बाढ़ में समा गया, छप्पर गिरने से घर के लोग चोटिल भी हुए हैं. प्रेमा ने बताया कि अचानक छप्पर गिरने से मेरा लड़का डूबा जा रहा था. अब ये लोग घर से बे घर हो गए हैं. कुछ लोग खुले आसमान के नीचे रह रहे हैं, कुछ लोग तिरपाल के नीचे रहकर जीवन काट रहे हैं. सरीफुन निवासी केसरवा ने बताया की मेरे परिवार में 12 लोग हैं और सभी लोग एक तिरपाल के नीचे ही रहते हैं, गैस खत्म हो गया है, खाना कैसे बने, शाम को हम लोग बिना खाये सो गए थे। नाव से वापस घर जा रहे खालिद ने बताया कि 3 किमी पानी से जाकर बाजार से एक हफ्ते का राशन लेकर जा रहा हूं और घर में तो पानी भरहै, ै छत पर बनाया खाया जाता है. लंच पैकेट शाम को सिर्फ मिलता है और उसमें पूरे परिवार का पेट भी नहीं भर सकता है। प्रधान याकूब नन्दवल, प्रधान कलाउ अल्लीपुर दरौना ने बताया कि प्रतिदिन 5000 लंच पैकेट का लक्ष्य है सभी को नाव से जाकर घर घर पहुंचाया जाता है।
