नरेंद्र कुमार, जामनेर/जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

11 अक्टूबर की सुबह जमकर हुई बारिश ने जामनेर नगर परिषद की ओर से की गई मानसून पूर्व नाला सफाई की पोल खोल दी है. जलगांव सड़क से सटा नाला पूरी तरह से ब्लॉक हो चुका है. इस ठहरे हुए पानी में प्रशासन की मेहरबानी से मच्छर पैदावार केंद्र शुरू हो जाएंगे, लाखों करोड़ों मच्छर शहर मे डेंगू मलेरिया आदि जैसी बीमारियां फैलाएंगे जिसके बाद अस्पतालों के बिल आम आदमी की जेब साफ कर देंगे.
हर साल नगर परिषद की ओर से नाला सफाई का महान काम करवाने के लिए लगाए जाते भाड़े के बुलडोजरों को किराए के रूप में सरकारी तिजोरी से लाखों रुपया अदा किया जाता है. वैसे शहर और ब्लॉक के समग्र विकास वाले महाअभूतपूर्व मंथन के लिए तकनीकी क्षेत्र में अपार ज्ञान का भंडार, संसाधन और करोड़ों रुपयों की मशीनरीज रखने वाले ठेकेदारों की जामनेर में कोई कमी नहीं है, बस शर्त एक है कि इन ठेकेदारों की दिन दूनी रात चौगुनी तरक्की का राज न पूछा जाए, तभी तो शहर में किया गया हर एक सार्वजनिक काम अपने आप में गुणवत्ता और मजबूती की बेजोड़ नजीर पेश करता है!
गुमनामी से निकाला गया मॉल का आरक्षण – कन्या स्कूल में बन रहे 200 दुकानों की क्षमता वाले शॉपिंग मॉल के 35 दुकानों का सरकारी आरक्षण आज घोषित किया गया है. नियमों के मुताबिक सामाजिक मानकों के तहत 35 दुकानें वितरित की जानी थी जिसको लेकर कोई भी सूचना या सार्वजनिक नोटिस आम जनता तक प्रसारित नहीं की गई. बेहद गुप्त तरीके से इस आरक्षण ड्रा को कानूनी रूप दे दिया गया. इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि सिलेक्टेड लाभधारक कितने भाग्यवान रहे होगे. अब 165 दुकानें अनारक्षित हैं जिनके डिपॉजिट को लेकर कानूनी प्रक्रिया पूरी करनी होगी. वो कैसे होगी वह बताने की आवश्यकता नहीं है. निगम में सत्ता किसी भी दल की हो उक्त तमाम मामलों में कोई पारदर्शिता नहीं है. वैसे वर्तमान सदन में विपक्ष का एक भी सदस्य चुनकर नहीं आ सका है, मंत्री जी की पत्नी साधना महाजन लोकनियुक्त नगराध्यक्षा हैं.
