मकसूद अली, यवतमाल ( महाराष्ट्र ), NIT;
कांग्रेस, राष्ट्रवादी कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, पीरिपा ने विभिन्न समस्याओं को लेकर महाराष्ट्र के यवतमाल जिला में संघर्ष यात्रा का आयोजन किया। जिसमें भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा गया।
संघर्ष यात्रा के दौरान भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा गया कि राज्य में किसानों की आत्महत्या का सत्र शुरू ही है। महंगाई काफी बढ गई है। खेतमाल को दाम नहीं होने से विदेश से आयात बढी है जिससे किसान त्रस्त हैं, लेकिन सरकार को गरीब, मजदुर, किसानों की समस्या नहीं दिखती है। उन्हें सत्ता की गुर्मी होने का आरोप कांग्रेस-राष्ट्रवादी समेत समाजवादीपक्ष, पीरिपा के नेताओ ने केंद्र व राज्य सरकार पर निशाना साधा। यवतमाल के फुले चौक में आयोजित संघर्षयात्रा की जाहीर सभा में येषनेता किसानों की मार्गदर्शन करते हुए बोल रहे थे।
कांग्रेस-राष्ट्रवादी समेत सपा, पीरिपा मित्रपक्ष ने निकाली किसान शेतकरी कर्जमाफी की संघर्षयात्रा पर भाजपा ने किसानों के नाम पर नौटंकी होने के पोस्टर्स तहसील चौक में लगाए थे, जो युवक कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने फाड डाले। सांसद अशोक चव्हाण ने भी सत्ताधारीयों पर किसानों की यात्रा की निंदा किए जाने का आरोप अपने भाषण में लगाया थ। चंद्रपूर जिले के सिंदेवाही से किसान संघर्षयात्रा प्रारंभ हुई। यह यात्रा कांग्रेस-राष्ट्रवादी और मित्रपक्ष के नेता समेत जिले में पहुंची। पुर्व उप मुख्यमंत्री अजित पवार ने राज्य सरकार पर कडी टिपणी करते हुए कहा की सरकार में आम आदमी कहीं नहीं दिखता। विधानस में कर्ज माफी की मांग करनेरपर 19 विधायकों का निलंबन इस सरकार ने किया है। विधानसभा सदन में सरकार बोलने नहीं देती है तो जनता के दरवाजे पर जाकर बोलने के लिए यह यात्रा निकालने की बात उन्होंने कही है।
कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष सांसद अशोक चव्हाण ने भी सरकार पर जोरदार हमला किया। करंजी के किसान ने आत्महत्या से पहले सरकार के खिलाफ चिठ्ठी लिखी है, तो इस सरकार पर भी हत्या का गुनाह दाखील करें।
इस अवसर पर पुर्व मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण, माजी मंत्री जयंत पाटील, दिलीप वळसे पाटील, आ. पतंगराव कदम, आ. हर्षवर्धन पाटील, आ. जितेंद्र आव्हाड, आ. अबू आसिम आजमी, आ. विजय वडेट्टीवार, आ. यशोमती ठाकूर, राजेश टोपे, सुनील केदार, आ. दीपक सावंत, आ. जोगेंद्र कवाडे, जयदत्त क्षीरसागर, माणिकराव ठाकरे, आ. मनोहर नाईक, अँड़ शिवाजी मोघे, प्रा. वसंत पुरके, वामनराव कासावार, आ. ख्वाजा बेग, माजी आ. संदीप बाजोरीया, माजी आ. विजय खडसे, आ. वीरेंद्र जगताप आदी नेता उपस्थित थे।
