तारिक़ खान, ब्यूरो चीफ, रायसेन (मप्र), NIT:

चारगवां गांव से प्रसव पीड़ा से पीड़ित गर्भवती महिला सीमा पत्नी नरेश को 108 एंबुलेंस से सिलवानी अस्पताल ले जाया जा रहा था। रास्ते में अचानक महिला की प्रसव पीड़ा तेज हो गई और स्थिति गंभीर होने लगी। महिला की हालत को देखते हुए एंबुलेंस पायलट वीरेंद्र ठाकुर ने सूझबूझ और तत्परता का परिचय देते हुए एंबुलेंस को सुरक्षित स्थान पर रोक दिया।
इसके बाद आवश्यक सावधानियां बरतते हुए एंबुलेंस में ही महिला का सुरक्षित प्रसव कराया गया। कुछ ही देर में एंबुलेंस में नवजात की किलकारी गूंज उठी। प्रसव के बाद जच्चा और नवजात दोनों को सुरक्षित रूप से सिलवानी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों द्वारा उनका स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार किया जा रहा है।
समय रहते पायलट वीरेंद्र ठाकुर द्वारा लिए गए निर्णय और तत्परता से जच्चा-बच्चा दोनों सुरक्षित रहे। उनकी इस सूझबूझ की स्थानीय स्तर पर सराहना की जा रही है। घटना ने एक बार फिर आपातकालीन परिस्थितियों में 108 एंबुलेंस सेवा की उपयोगिता और तत्परता को सामने रखा है।

