वी.के. त्रिवेदी, ब्यूरो चीफ, लखीमपुर खीरी (यूपी), NIT:

लखीमपुर खीरी के कस्ता विधायक सौरभ सिंह सोनू के साथ हुई घटना के बाद भाजपा नेताओं में भारी आक्रोश पुलिस प्रशासन के खिलाफ फैला हुआ है। इसी मामले को लेकर शनिवार को जनपद के 6 विधायक और भाजपा जिला अध्यक्ष के साथ मुख्यमंत्री से मिलकर पूरे प्रकरण को अवगत कराया है और पुलिस अधीक्षक गणेश प्रसाद शाहा को हटाने की मांग मुख्यमंत्री से की गई है।आपको बता दें कि जनपद में हो रही ताबड़तोड़ बड़ी गंभीर घटनाओं के बाद निष्क्रिय हुई खीरी पुलिस अपराधों को रोकने में विफल साबित हो रही है एक सप्ताह में जनपद में बड़ी-बड़ी गंभीर घटनाएं घटित हुई उसके बाद भाजपा विधायक सौरभ सिंह सोनू के ऊपर फायरिंग की बड़ी गंभीर घटना घटित हो गई जिसको लेकर भाजपा के सांसद जुगल किशोर ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं और पुलिस अधीक्षक खीरी गणेश प्रसाद शाहा को हटाने की मांग की है। जनपद में विधायक के साथ यह घटना कोई पहली घटना नहीं है इससे पूर्व भी सदर विधायक योगेश वर्मा के साथ पुलिस सुरक्षा में हमला हो गया था जिसमें सदर विधायक योगेश वर्मा बाल बाल बच गए थे उसके बाद जिले में ताबड़तोड़ हुई गंभीर घटनाओं के बाद भी पुलिस की लचर कार्यवाही अपराधियों को संरक्षण देती रही।
जनपद के विभिन्न थाना क्षेत्र में बड़ी-बड़ी घटनाएं घटित हुई वहीं सदर कोतवाली क्षेत्र के राजापुर मंडी के अदरक व्यापारी के साथ दिन दहाड़े हुई लूट की घटना और थाना मैगलगंज क्षेत्र में बड़ी-बड़ी घटनाओं के बाद पुलिस प्रशासन अपनी लापरवाही जारी रखे हुए हैं।आपको बताते चलें कि कस्ता से विधायक सौरभ सिंह सोनू अपने शिव कॉलोनी आवास में अपनी पत्नी के साथ टहल रहे थे।कस्ता विधायक आवास के पास दो अज्ञात व्यक्ति शराब पी रहे थे जिसका विरोध कस्ता विधायक सौरभ सिंह सोनू के द्वारा किया गया और शराब पीने से मना किया तो उपरोक्त व्यक्तियों ने विधायक पर फायरिंग कर दी और मौका पाकर वहां से भाग निकले हालांकि इस मामले में कोतवाली पुलिस ने संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़ कर पूछताछ करने को कह रही है किंतु जब जनपद के विधायकों पर हमले हो रहे हैं और उनको न्याय पाने के लिए मुख्यमंत्री के पास जाना पड़ रहा है तो इससे साफ अंदाजा लगाया जा सकता है कि पीड़ित लोगों को कैसे उनको न्याय मिल रहा होगा।
पुलिस लगातार अवैध वसूली करने में लगी हुई है और भाजपा नेताओं की और कार्यकर्ताओं की कोई सुनवाई नहीं हो रही है जिससे परेशान होकर भाजपा के छह विधायक मुख्यमंत्री के दरबार में शिकायत की है अब देखना होगा कि मुख्यमंत्री द्वारा क्या कार्रवाई पुलिस प्रशासन पर करते हैं। कस्ता विधायक सौरभ सिंह सोनू पर हमले के मामले में जिला अध्यक्ष के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिले जिले के छह विधायक सभी छह विधायकों ने घटना की जानकारी देते हुए पुलिस प्रशासन की लचर कार्य शैली के बारे में मुख्यमंत्री को कराया अवगत, जिले के मोहम्मदी विधायक लोकेंद्र प्रताप सिंह व पलिया विधायक रोमी साहनी नहीं नजर आए अन्य विधायकों के साथ, बहुत ही सोचनीय विषय बना दिया अपने लखीमपुर खीरी में ही सरकार में विधायकों ने जब भाजपा सरकार में विधायकों को न्याय नहीं मिल रहा हैं। इसका सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता हैं कि। जब गन्ना किसानों के भुगतान बाबत पलिया विधायक भी रोये थे। जिनका वीडियो सोसल मीडिया पर वायरल हुआ था। अब अनुमान सब जन जाने कि आम जनता को कैसे न्याय मिलता होगा।एक कहावत जरुर सही साबित होती नजर आ रही हैं कि इस सरकार में बाप बड़ा न भैया सबसे बड़ा रुपैया।

