पीयूष मिश्रा, सिवनी ( मप्र ), NIT;
पशुपालन मंत्री श्री अंतर सिंह आर्य ने आज गोपाष्टमी के अवसर पर शाजापुर जिले के कालापीपल में गोकुल महोत्सव 2017-18 के प्रथम चरण का शुभारंभ किया। श्री आर्य ने कहा कि वर्ष 2022 तक किसानों की आय को दोगुना करना शासन का लक्ष्य है। पशुपालन के माध्यम से किसानों की अतिरिक्त आय में वृद्धि के लिए पशुपालन विभाग द्वारा विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में देश का सर्वाधिक एक करोड़ 96 लाख गौवंश है। प्रदेश दुग्ध उत्पादन में देश में तीसरे स्थान पर पहुंच गया है।
मंत्री श्री आर्य ने कहा कि गोकुल महोत्सव का उद्देश्य गाँव-गाँव, घर-घर जाकर पशुओं का बीमारियों से बचाव, संरक्षण और उपचार करना है। दुधारु पशु स्वस्थ रहेंगे तो किसानों की आमदनी भी अच्छी होगी। श्री आर्य ने पशुपालकों से आग्रह किया कि वे अवसर का लाभ उठाते हुए पशुओं का नि:शुल्क उपचार कराएं। किसान दुग्ध उत्पादन के साथ गोबर और गौमूत्र से जैविक खाद और कीटनाशक दवाइयाँ बना सकते हैं। उन्होंने जन-प्रतिनिधियों से कहा कि महोत्सव के तहत लगने वाले शिविरों की जानकारी जन-जन तक पहुँचाएं।
श्री आर्य ने शाजापुर जिले के ग्राम भैसायगढ़ा, पोलायकला और कालापीपल में पशु औषधालय प्रारंभ करने की घोषणा की है, साथ ही शाजापुर के पशु चिकित्सालय की बाउण्ड्री-वॉल निर्माण के लिए 12 लाख रुपये स्वीकृत किये हैं।
मंत्री श्री आर्य ने कालापीपल के नजदीक गांव चाकरोद में गौशाला का अवलोकन किया और गाय को लड्डू खिलाए। उन्होंने गौशाला में गौमूत्र से तैयार की जा रही औषधियों की भी जानकारी ली।
इस मौके पर विधायक श्री इन्दरसिंह परमार, श्री जसवंत सिंह हाड़ा, श्री अरूण भीमावद, पशुपालन विभाग के प्रमुख सचिव श्री अजित केसरी, संचालक डॉ. आर.के. राकेड़े सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
