अब्दूल वहीद काकर, धुले (महाराष्ट्र), NIT;
सम्पूर्ण ऋण माफ़ी, खेती उत्पादानों को समर्थन मूल्य देने तथा बिजली बिलों की माफी आदि मांगों को लेकर शेतकरी संघटना द्वारा जिलाधिकारी कार्यालय धुलेरपर बैल गाड़ी मोर्चा निकाला गया।
शेतकरी संघटना ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धुलिया ज़िलाधिकारी दिलीप पांढरपट्टे द्वारा ज्ञापन सौंपकर प्रधानमंत्री को किसानों की समस्याओं से अवगत कराया है। जिस में एक प्रास्तव राज्य सरकार को भेजा गया है, जिसमें बताया गया है कि खेती को व्यापार के रुप में मान्यता प्रदान की जाए। खेती के माध्यम से ऋण चुकता होने की तथा किसान को सम्मान से जीवन व्यापन करने के लिए परिस्थितियों का निर्माण करने के लिए संगोष्ठी का आयोजन कर शेतकरी संघटना को आमंत्रित किए जाने की बात ज्ञापन में कही गई है। शेतकरी संघटना ने ज़िलाधिकारी कार्यालय पर मोर्चा का आयोजन कर बताया कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने किसानों को कर्ज माफ़ी नहीं बल्कि कर्ज से मुक्ति दिलाने का वक्तव्य किया था, किंतु मुख्यमंत्री ने जून 2017 में किसानों के आंदलोन के उपरांत कर्ज मुक्ति की घोषणा न करते हुए कर्ज माफी का ऐलान किया जिसके कारण किसानों के समस्याओं का समाधान नहीं हुआ है। किसानों को सम्पूर्ण रूप से कर्ज से मुक्ति प्रदान की जाए बिना किसी निकर्ष लगा कर तथा बिजली बिलों से भी मुक्ति दी जानी की मांग पूरी नहीं की गई तो शेतकरी संघटना महाराष्ट्रभर में राज्य सरकार की निष्क्रियता तथा खेती विरोधी भूमिका का विरोध करेंगी। इस प्रकार की चेतावनी गुलाब सिंह रघुवंशी धुलिया ज़िला , रवि देवांग , शशिकांत भदाने , शांतु पटेल , कल्पना पवार , धनराज पाटील , प्रकाश चौधरी , भगवान झावरु पाटील आदि ने दिया है।
