मुबारक अली, ब्यूरो चीफ, शाहजहांपुर (यूपी), NIT:

संविधान दिवस के अवसर पर जनपद न्यायालय में माननीय जनपद न्यायाधीश सुशील कुमार रस्तोगी के द्वारा समस्त न्यायिक अधिकारीगण व कर्मचारीगण अधिवक्तागण आदि को भारतीय संविधान की प्रस्तावना का वाचन कराया गया। तत्पश्चात भारतीय संविधान के मौलिक कर्तव्यों की शपथ दिलायी गयी। माननीय जनपद न्यायाधीश द्वारा बताया गया कि भारतीय संविधान के दिन ही भारतीय संविधान को अंगीकृत किया गया था। कार्यक्रम का संचालन सचिव आशुतोष तिवारी द्वारा किया गया। उसके बाद प्रातः 11 बजे संसद के केन्द्रीय कक्ष में महामहिम राष्ट्रपति द्वारा शुभारम्भ समारोह का संजीव प्रसारण सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण आशुतोष तिवारी ने मेडियेटरर्स तथा अपने समस्त स्टाफ के साथ देखा तथा उक्त कार्यक्रम का संजीव प्रसारण जनपद न्यायालय के गेट नं 01 पर बड़ी एलएडी लगाकर आमजन को दिखाया गया।
तत्पश्चात जिला कारागार में विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया जिसमें बन्दियों को संविधान की महत्ता संविधान के मूलभूत अधिकारों व मौलिक कर्तव्यों के बारे में बताया गया।
अन्त में बाल गृह बालक में भी एक विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया जिसमें बच्चों को उनके अधिकारों एवं नागरिक होने के नाते भारतीय संविधान के मौलिख अधिकारों के बारे में बताया सचिव द्वारा कहा गया कि सभी बच्चे अपने आप को अनार्थ न समझे शासन एवं प्रषासन उनका कल्याण सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी उठाता है अतः बच्चों को पढ़ लिखकर राष्ट्र के विकास में अपना अमूल्य योगदान करना चाहिये। सचिव द्वारा बालगृह की भोजन की व्वस्था की जांच की गयी तथा अधीक्षक को लापता बच्चों को उनके घर पहुंचाने का दिशा-निर्देश दिया गया।
