हिमांशु सक्सेना, ग्वालियर (मप्र), NIT:

ग्वालियर में कोरोना और भी घातक हो चुका है इसलिए अब डरना जस्र्री है। पिछले 8 दिन में 1379 लोग कोरोना की चपेट में आए, 15 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। कोरोना की यह घातकता भयवीत करने वाली है। प्रदेश सरकार भी डरी हुई है यही कारण है कि अभी भले ही 60 दिन का लाकडाउन कर दिया। यदि लोगों की लापरवाही इसी तरह से रही तो लाकडाउन की अवधि बढ़ सकती है। महामारी बता रही है कि अब सावधानी रखें, क्योंकि आपकी सावधानी ही आपको कोरोना से बचा सकती है। इस बार कोरोना पिछला रिकार्ड तो तोड़ ही चुका है अब बडा रिकार्ड बनाए उससे पहले सावधानी रखकर रोकें।
8 दिन में 15 लोगों ने गंवाई जान
पिछले आठ दिन में संक्रमण तेजी से बढ़ रहा है। लोग निमोनिया की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंच रहे और उन्हें कोरोना बताया जा रहा है। जिन 15 लोगों ने कोरोना के चलते जान गंवाई उनके लंग्स में संक्रमण ने तेजी से फैला और वह वेंटिलेटर पर पहुंचे पर उन्हें बचाया न जा सका।
10 फीसद पहुंची 8 दिन में संक्रमण दर
जनवरी-फरवरी में संक्रमण दर 1 फीसद से नीचे आ चुकी थी। वह संक्रमण मार्च में 3.8 फीसद पहुंची और अप्रैल के 8 दिन में मार्च से तीन गुना अधिक होकर 10.4 फीसद पर जा पहुुंची। कोरोना का बढ़ता प्रभाव डराने वाला है। अब तक सबसे अधिक मरीज 8 अप्रेल को 298 पाए गए। इससे पहले इतना बड़ा आंकड़ा पहले नहीं देखा गया।
अस्पतालों के बेड भरने लगे
आठ दिन में 13253 लोगों ने कोरोना की जांच कराई जिसमें 1379 लोग संक्रमित निकले। जिले में एक्टिव केस की संख्या 1520 है। अपोलो व केडीजे फुल चल रहे हैं जबकि सुपर स्पेशियलिटी में 90 मरीज भर्ती हो चुके हैं। दो दर्जन मरीज जिला अस्पताल व कुछ अन्य अस्पतालों सहित कुल ढाई सौ मरीज कोरोना का इलाज ले रहे हैं।
