शमसुद्दोहा, ब्यूरो चीफ, गोरखपुर (यूपी), NIT:

राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष रूपेश कुमार श्रीवास्तव के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री बृजेश पाठक से उनके सरकारी आवास पर मुलाकात कर कर्मचारियों और पेंशनरों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं को उठाया। इस दौरान कैशलेस चिकित्सा योजना में ओपीडी सहित संपूर्ण इलाज की सुविधा और चिकित्सा प्रतिपूर्ति के बिल ऑनलाइन के साथ ऑफलाइन स्वीकार करने की मांग प्रमुखता से रखी गई।
परिषद के अध्यक्ष रूपेश कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि उपमुख्यमंत्री ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय राज्य कर्मचारी कैशलेस चिकित्सा योजना के तहत ओपीडी सहित संपूर्ण इलाज की सुविधा उपलब्ध कराने तथा चिकित्सा प्रतिपूर्ति के बिल ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से स्वीकार करने के संबंध में आदेश जारी किया है। उन्होंने कहा कि ऑनलाइन प्रक्रिया के कारण विशेषकर बुजुर्ग कर्मचारियों, पेंशनरों और तकनीकी जानकारी के अभाव वाले लोगों को परेशानी होती है। ऐसे में ऑफलाइन व्यवस्था भी जारी रहने से उन्हें राहत मिलेगी।
प्रतिनिधिमंडल ने बेसिक शिक्षा विभाग में कार्यरत कंप्यूटर ऑपरेटरों और लेखाकारों की सेवा संबंधी समस्याओं का मुद्दा भी उठाया। परिषद के प्रतिनिधि नरेंद्र धर द्विवेदी ने बताया कि उपमुख्यमंत्री ने इन कार्मिकों को आउटसोर्सिंग सेवा निगम में शामिल करने के संबंध में भी आदेश जारी किया है। इससे संबंधित कर्मचारियों को सेवा व्यवस्था में लाभ मिलने की उम्मीद है।
परिषद के पदाधिकारियों ने कर्मचारी हितों से जुड़े इन मुद्दों पर सकारात्मक पहल के लिए उपमुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही, शासन स्तर से जारी आदेशों का शीघ्र और प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित कराने की अपेक्षा जताई। प्रतिनिधिमंडल में नरेंद्र धर द्विवेदी, राहुल श्रीवास्तव सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।

