फैय्याज खान, मुंबई (महाराष्ट्र), NIT:

बालिकाओं की शिक्षा, सशक्तिकरण और समाज में उनके उत्कृष्ट योगदान को सम्मानित करने हेतु बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा एक ऐतिहासिक और भव्य आयोजन किया गया — 9 वां वार्षिक ‘एजुकेशन अवॉर्ड्स फॉर एक्सीलेंस’, जो विशेष रूप से उन बालिकाओं को समर्पित था जिन्होंने 2024-2025 की एसएससी व एचएससी परीक्षाओं में 80% से अधिक अंक प्राप्त किए। यह आयोजन शहनाई बैंक्वेट हॉल, जानगिड आर्केडिया, मीरा रोड (पूर्व) में 13 जुलाई को आयोजित किया गया, जहां 250 से अधिक प्रतिभाशाली बेटियों को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए ट्रॉफी, मेडल और सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया गया। यह न केवल एक शैक्षणिक उपलब्धि का उत्सव था, बल्कि बेटियों के आत्मविश्वास, संघर्ष और संकल्प को सलाम करने का भी अवसर था।

डॉ. अजय एल. दुबे-बेटियों की शिक्षा के लिए समर्पित एक प्रेरणास्रोत इस ऐतिहासिक पहल के पीछे जो व्यक्तित्व खड़ा है, वह हैं बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ चैरिटेबल ट्रस्ट के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अजय एल. दुबे, जो न केवल एक समाजसेवी हैं, बल्कि शिक्षा और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में एक क्रांतिकारी सोच के धनी हैं। उन्होंने अपने जोश और प्रतिबद्धता से इस आयोजन को एक आंदोलन का रूप दिया है।

अपने भाषण में उन्होंने कहा: हर सफल बेटी के पीछे एक समाज होता है जो उस पर विश्वास करता है। आज हम वही समाज हैं। ये पुरस्कार सिर्फ अंकों के लिए नहीं हैं, बल्कि साहस, अनुशासन और न रुकने वाली इच्छाशक्ति के लिए हैं। उनकी यह सोच समाज को यह संदेश देती है कि जब बेटियों को पढ़ाया, सराहा और बढ़ाया जाता है, तभी समाज आगे बढ़ता है। इस समारोह का मुख्य आकर्षण था 250 से अधिक छात्राओं का सम्मान, जिन्होंने एसएससी और एचएससी बोर्ड परीक्षाओं में 80% से अधिक अंक प्राप्त किए। इनमें कई ऐसी बेटियां थीं, जो सीमित संसाधनों में भी अपने सपनों को पंख देने में सफल रहीं। हर सम्मान पत्र, ट्रॉफी और मेडल केवल पुरस्कार नहीं, बल्कि उनके आत्मबल और कड़ी मेहनत की गवाही थे।

माननीय अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति : इस गरिमामयी अवसर पर कई प्रतिष्ठित अतिथि और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे, जिनमें शामिल थे: माननीय श्री नरेंद्र मेहता विधायक, दै. मुंबई हलचल समाचार पत्र के संपादक दिलशाद एस. खान, राहुल कुमार पाटिल वरिष्ठ निरीक्षक, काशीगांव पुलिस स्टेशन, संतोष संधविकर पुलिस निरीक्षक, कंकिया पुलिस स्टेशन (संपूर्ण टीम सहित), संदीप राणे मनसे नेता, राधेश्याम तिवारी संस्थापक अध्यक्ष, भारतीय साध विचार मंच, विकास महंते सम्माननीय अतिथि एवं सामाजिक व्यक्तित्व, किशोर व्यास, पवन चौहान, सैयद आफरीन मुजफ्फर हुसैन, वरिष निरीक्षक नितिन महाजन, पुजा वर्मा, रूपल सिंह, आशीष लोधा आदि। इन सभी अतिथियों ने अपने प्रेरणादायक शब्दों के माध्यम से छात्राओं को प्रोत्साहित किया और समाज को यह संदेश दिया कि बेटियों की शिक्षा ही सशक्त भारत का आधार है।पैशन डांस स्टूडियो की सांस्कृतिक प्रस्तुति
इस समारोह की शोभा बढ़ाई पैशन डांस स्टूडियो की बाल कलाकारों ने, जिनकी प्रस्तुति पूनम अरुण दुबे द्वारा कोरियोग्राफ की गई थी। नारी शक्ति, एकता और आत्मविश्वास पर आधारित यह प्रस्तुति दर्शकों की भावनाओं को छू गई और तालियों की गूंज से हॉल गूंज उठा।

पैशन डांस स्टूडियो की सांस्कृतिक प्रस्तुति
इस समारोह की शोभा बढ़ाई पैशन डांस स्टूडियो की बाल कलाकारों ने, जिनकी प्रस्तुति पूनम अरुण दुबे द्वारा कोरियोग्राफ की गई थी। नारी शक्ति, एकता और आत्मविश्वास पर आधारित यह प्रस्तुति दर्शकों की भावनाओं को छू गई और तालियों की गूंज से हॉल गूंज उठा।
समर्थन जिनसे यह आयोजन संभव हो पाया
इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में कई संस्थानों ने सहयोग किया, जिनमें प्रमुख हैं: वेन्यू पार्टनर : शहनाई बैंक्वेट हॉल, मीडिया पार्टनर : मुंबई हलचल, रियल एस्टेट पार्टनर: केशव एस्टेट कंसल्टेंट। इन सभी ने ट्रस्ट की सोच और समाज के लिए सकारात्मक बदलाव की भावना को मजबूती प्रदान की।
सम्मान से बढ़कर-यह था एक सामाजिक संकल्प
यह आयोजन सिर्फ एक सम्मान समारोह नहीं था, बल्कि एक सामाजिक संकल्प था – एक ऐसा वादा, जहां बेटियों को सिर्फ पढ़ाया नहीं जाता, बल्कि सार्थक रूप से सराहा और संबल भी दिया जाता है। यह साबित किया गया कि जब बेटियां आगे बढ़ती हैं, तो पूरा समाज तरक्की करता है।
हर साल और मजबूत होता जा रहा है यह अभियान
डॉ. अजय एल. दुबे और उनकी संस्था बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ चैरिटेबल ट्रस्ट हर वर्ष इस अभियान को और विस्तार देते जा रहे हैं। वे सिर्फ पुरस्कार नहीं दे रहे – वे भविष्य का निर्माण कर रहे हैं। जब हम एक बेटी को पढ़ाते हैं, तो हम पूरे देश को सशक्त बनाते हैं। ये बेटियां केवल छात्राएं नहीं हैं – ये भविष्य की नेता, वैज्ञानिक, कलाकार, और विचारक हैं।
संस्था के संस्थापक अध्यक्ष डॉ अजय एल दुबे उबैद फ्रूट वाला महासचिव संजय मिश्रा मनीष दुबे राजकुमार वत्स सुनीता खोट मोबी पटेल पलकी सचिदेव हेमा हर्या चंदा उपधाय अशोक कामत प्रमिला गुप्ता बाबर अली वर्निका जसराजपुर्य अर्पिता अजय दुबे साक्षी जारा पटेल राशि अग्रवाल कमलेश गगलानी और कई सदस्य उपस्थित थे।

