इम्तियाज़ चिश्ती, ब्यूरो चीफ, दमोह (मप्र), NIT:

दिलीप सिंह जैसे लोगों से ही इंसानियत और ईमानदारी सलामत है। दमोह के इंद्रा कॉलोनी निवासी दिलीप सिंह जो पेशे से ऑटो टेक्सी चालक है आज उसकी ईमानदारी की चर्चा हो रही है।

दरअसल एक माह पूर्व दिलीप सिंह की टेक्सी में दमोह के नूरी नगर निवासी शाबिर खान दिलीप की टेक्सी में बैठकर बस स्टैंड से अपने घर जाते वक्त उनकी हाथ की घड़ी टेक्सी में ही गिर गई थी, दिलीप सिंह तभी से उस घड़ी को संभालकर रखे हुए था एक माह बाद अचानक शाबिर खान ने बस स्टैंड से घर आते वक्त टेक्सी की इत्तफाक से टैक्सी भी दिलीप सिंह की थी जब वह अपने घर पहुँचे तभी टेक्सी चालक ने दिलीप ने पूछ लिया आपकी कोई कभी घड़ी गुमी थी शाबिर ने फौरन कहा हाँ तो वह बोला वो घड़ी मेरे पास सुरक्षित रखी है। जबकि उसे कोई खरीदना भी चाह रहा था तब दिलीप की नीयत नहीं डगमगाई। जब शाबिर खान को उसने कहा कि आप हमारे घर चलो हम आपकी घड़ी देते है और शाबिर खान को उनकी घड़ी मिल गई। इस बात से खुश होकर शाबिर खान और उनके भाई मास्टर नाज़िर खान टेक्सी चालक के घर मिठाई का डिब्बा लेकर गये और उसके परिजन को धन्यवाद दिया।
