नरेन्द्र कुमार, ब्यूरो चीफ़, जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

MVA को लोकसभा की एक भी सीट नहीं मिलेगी कहने वाले भाजपा के मिया मिठ्ठू तोतापुरी नेता विसंघ के (अ)संस्कारी पेड़ की “शाखा” से उड़ाए जा चुके हैं। दूसरी ओर आलम यह है कि कांग्रेस के शानदार प्रदर्शन से गदगद नेताओं के दिमाग़ में जीत के अहंकार की हवा प्रवेश कर चुकी है। प्रियजनों की ओर से विद्यमान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले को मुख्यमंत्री बनवाने की अभिप्सा के पंख फड़फड़ाते हि पटोले द्वारा दिए गए बड़े भाई छोटे भाई के बयान ने महाविकास आघाड़ी में दरार पैदा कर दी। नाना की आत्मकेंद्री सोच और बर्ताव के कारण प्रदेश कांग्रेस के नेताओं में तीव्र नाराज़गी है।
कांग्रेस सुप्रिमो मल्लिकार्जुन खड़गे की अध्यक्षता मे आयोजित बैठक के दौरान पटोले पर हुई चर्चा को पॉकेट छाप मीडिया ने गुटबाज़ी की दिशा मे मोड़ दिया। राहुल गांधी ने सख़्त सूचना करी की पार्टी का नुकसान करने वाले नेताओ का ” शिकार कर के उन्हे दीवार पर टांग दो “। महीना बीत गया शिकार दूर की बात है केंद्रीय नेतृत्व की ओर से किसी के ऊपर बंदूक तक तनी नहीं है। शिकार के बिना दीवार सुनी है महाराष्ट्र सवाल पूछ रहा है कि कांग्रेस कड़े फैसले कब लेंगी। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष बदलने की मांग तेज़ हो गई है, बालासाहब थोरात, यशोमती ठाकुर , प्रतिभा धानोरकर , अमित देशमुख , के सी पाडवी , भाई जगताप , सतेज पाटील , वर्षा गायकवाड , समेत कई चेहरे रेस में शामिल है।
2014 के अनुभवों के तर्ज़ पर अगर विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस द्वारा प्रदेश अध्यक्ष के मसले पर कोई समाधान नहीं निकाला गया तो इसका परिणाम नतीजों और उसके बाद MVA की एकजुटता पर होगा। 14 जुलाई को राहुल गांधी महाराष्ट्र में एक धार्मिक पदयात्रा में शिरकत करेंगे इस यात्रा से यह उम्मीद जताई जा रही है कि प्रदेश कांग्रेस को नया अध्यक्ष मिल जाएगा।
