महिला बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया का विद्यार्थियों को संदेश: सफलता के लिए स्वयं से प्रतिस्पर्धा करनी चाहिए | New India Times

रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी/पंकज बडोला, झाबुआ (मप्र), NIT:

महिला बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया का विद्यार्थियों को संदेश: सफलता के लिए स्वयं से प्रतिस्पर्धा करनी चाहिए | New India Times

महिला बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया ने आगामी 5 फरवरी से बोर्ड परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों का हौसला बढ़ाते हुए कहा है की जीवन के हर मोड़ पर सफलता अर्जित करने के लिये दृढ़ संकल्प और पूरी निष्ठा से कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि परीक्षा का डर हर किसी के मन में रहता है पंरतु हमें इस डर पर काबू पाना है। सफलता के लिये किसी और से नहीं, स्वयं से ही प्रतिस्पर्धा करनी चाहिए।

मंत्री सुश्री भूरिया ने कहा की अनेकों बार ऐसा भी होता है की हमें हमारी उम्मीदों के अनुरूप परिणाम नहीं मिलते हैं और हम निराश हो जाते हैं, हार मान लेते हैं। मध्यप्रदेश में परीक्षा में किसी भी कारण से असफल हुए विद्यार्थियों को निराश होने की जरूरत नहीं, क्योंकि विद्यार्थियों को ‘रूक जाना नहीं’ योजना के अंतर्गत दोबारा परीक्षा देने का मौका दिया जाता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने हमेशा की तरह इस बार भी बच्चों को परीक्षा के तनाव से बचने के लिये उनसे संवाद किया था।

प्रधानमंत्री मोदी ने टाइम मेनेजमेंट पर जोर देने की बात कहते हुए कहा की परीक्षा हॉल में हमेशा समय से पहले पहुँचे, गहरी सांस लीजिए, इससे आपको तनाव नहीं महसूस होगा। हमेशा प्रश्न पत्र को पढ़े और उन्हें हल करने का समय तय कर लें। महिला बाल विकास मंत्री सुश्री भूरिया ने विद्यार्थियों के माता-पिता को समझाइश देते हुए कहा कि वे अपनी उम्मीदों का बोझ बच्चों पर न लादें।
हर बच्चा अपने-आप में विशेष होता है और उनकी क्षमताएँ अलग-अलग होती हैं। बच्चों को परीक्षा से तनाव न हो इसके लिये माता-पिता इस दौरान उनसे सकारात्मक संवाद कर उन्हें प्रोत्साहित करें और बताएँ कि उनकी आपके जीवन में क्या अहमियत है। श्रीमती भूरिया ने परीक्षा के लिये बच्चों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह समय केवल परीक्षा की तैयारी का है। नकारात्मकता छोड़ आत्म विश्वास के साथ परीक्षा दें और सफलता हासिल करे।

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