मो. मुजम्मिल, जुन्नारदेव/छिंदवाड़ा (मप्र), NIT:

नेहरू स्टेडियम परिसर में नगर पालिका परिषद जुन्नारदेव द्वारा वर्ष 1988 और 1991 में नियमों के तहत आवंटित की गईं 33 दुकानों को तोड़े जाने के करीब दो वर्ष बाद भी प्रभावित व्यापारियों को राहत नहीं मिल सकी है। दुकानदारों ने सांसद के जुन्नारदेव आगमन पर एक बार फिर अपनी समस्या रखते हुए दुकानों के पुनर्विस्थापन की मांग की।
व्यापारियों के अनुसार, 30 दिसंबर 2024 को इन दुकानों को तोड़ दिया गया था। इसके बाद से प्रभावित व्यापारी लगातार प्रशासनिक कार्यालयों के चक्कर लगा रहे हैं। उनका कहना है कि 23 सितंबर 2026 तक उन्हें न तो कोई मुआवजा मिला और न ही दुकानों के पुनर्वास को लेकर ठोस कार्रवाई हुई। दुकानें हटने के बाद 33 व्यापारियों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है, जिससे करीब 100 परिवार प्रभावित बताए जा रहे हैं।
व्यापारियों ने सांसद को सौंपे ज्ञापन में बताया कि सभी 33 दुकानों का आवंटन नगर पालिका परिषद जुन्नारदेव द्वारा वर्ष 1988 और 1991 में किया गया था। दुकानदारों ने 24 मार्च 2026 को नगर पालिका परिषद को विस्तृत आवेदन देकर नगर पालिका की रिक्त भूमि पर दुकानें पुनः स्थापित करने का प्रस्ताव भी प्रस्तुत किया था। आवेदन के साथ फोटो, नक्शा, खसरा, रकबा सहित संबंधित दस्तावेज और नगर पालिका अधिनियम की सुसंगत धाराओं का उल्लेख किया गया था। इसकी प्रतिलिपि संबंधित उच्चाधिकारियों एवं कार्यालयों को भी भेजी गई थी।
व्यापारियों ने सांसद से मामले का संज्ञान लेकर प्रशासनिक स्तर पर शीघ्र कार्रवाई कराने तथा प्रभावित दुकानदारों का उचित स्थान पर पुनर्विस्थापन कराने की मांग की है। उनका कहना है कि लंबे समय से दुकानें बंद होने के कारण परिवारों के भरण-पोषण में आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

