राकेश यादव, देवरी/सागर (मप्र), NIT:

भीम आर्मी प्रमुख चन्द्रशेखर आजाद पर विगत दिवस उत्तर प्रदेश के देवबंद में हुए प्राणघातक हमले के विरोध में भीम आर्मी की स्थानीय ईकाई ने जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया एवं राष्ट्रपति के नाम नायब तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा।
इस दौरान योगी सरकार का पुतला दहन किये जाने को लेकर पुलिस एवं भीम आर्मी कार्यकर्ताओं मे झूमाझटकी हुई और पुलिस ने पुतला छीन लिया और कार्यकर्ताओं को तितर-बितर करने के लिए वॉटर कैनन का प्रयोग किया जिसके बाद कार्यकर्ताओं ने सड़क पर बैठकर धरना दिया और मोदी और योगी सरकार के विरोध में नारेबाजी की।
भीम आर्मी के प्रमुख चन्द्रशेखर आजाद के काफिले पर विगत दिवस उत्तर प्रदेश के देवबंद में अज्ञात हमलावरों द्वारा गोलीबारी की गई थी जिसमें वह घायल हो गये थे। धटना को लेकर भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं द्वारा घटना के विरोध में प्रदर्शन किया। उन्हें सुरक्षा दिये जाने की मांग को लेकर पूरे देश में प्रदर्शन किया जा रहा है।
शुक्रवार दोपहर भीम आर्मी एवं आजाद समाज पार्टी कांशीराम की स्थानीय इकाई द्वारा जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया गया। झुनकू वार्ड से आरंभ होकर मुख्य सड़क से निकले जुलूस में शामिल सैकड़ों कार्यकर्ताओं द्वारा प्रधानमंत्री मोदी एवं उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विरोध में नारेबाजी की गई।
पुलिस ने पुतला छीना, तितर बितर करने वाटर कैनन चलाई

नगरपालिका चौराहा पहुंचने पर कार्यकर्ताओं ने योगी आदित्यनाथ का पुतला जलाने का प्रयास किया जिसको लेकर पुलिस से उनकी झूमाझटकी भी हुई और पुलिस द्वारा जलाने के दौरान ही पुतला छीन लिया गया। इस दौरान उनकी भीड़ में घिरी थाना प्रभारी श्रीमति उपमा सिंह ने नोंकझोंक भी हुई जिसके बाद पुलिस द्वारा कार्यकर्ताओं को तितर बितर करने के लिए वॉटर कैनन का प्रयोग भी किया गया।
पुतला जलाने में असफल रहे कार्यकर्ताओं नगरपालिका चौराहे पर सड़क पर बैठ गये और नारेबाजी करने लगे जिसके बाद पुलिस को यातायात बहाल करने में मशक्कत करनी पड़ी।
राष्ट्रपति के नाम नायब तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा
नगरपालिका चौराहे पर महामहिम राष्ट्रपति महोदय के नाम विधानसभा अध्यक्ष शिवा अहिरवार द्वारा नायब तहसीलदार को सौंपे गये ज्ञापन में कहा गया कि विगत 28 जून को भीम आर्मी चीफ पर मनुवादी सोच के व्यक्तियों द्वारा सुनियोजित जानलेवा हमला किया गया जो अत्यंत गंभीर और दुखदाई है। ऐसी घटना की आंशका के चलते पुलिस अधिकारियों को पूर्व में पत्र द्वारा आगाह किये जाने के बाद भी उनकी सुरक्षा के विषय में जान बूझकर लापरवाही की गई है। शासन प्रशासन के ढुलमुल रवैये के कारण लगातार हमले और हत्या की घटनाएं सामने आ रही हैं।
ज्ञापन में मांग की गई कि घटना के दोषियों के विरूद्ध सख्त कार्रवाई करते हुए उनकी तत्काल गिरफ्तारी की जाये एवं उनके विरूद्ध रासुका के तहत कार्रवाई की जाये एवं भीम आर्मी चीफ को गृह मंत्रालय से स्पेशल जेड सुरक्षा उपलब्ध कराई जाये, मामला फास्ट ट्रेक कोर्ट में चलाकर दोषियों को जल्द से जल्द सजा दिलाई जाये।
