अबरार अहमद खान/मुकीज खान, भोपाल (मप्र), NIT:

जमीअत उलमा मध्यप्रदेश के प्रेस सचिव हाजी मोहम्मद इमरान हारून ने हज यात्रियों के साथ हो रही असुविधाओं पर सवाल उठाते हुए कहा कि हज यात्रियों से इतनी बड़ी धन राशि वसूल करने के बावजूद उनको परेशानियों का सामना करना पड़। हाजी इमरान का कहना है कि हाजियों का पहला जत्था भोपाल से रवाना हुआ पर इस सफ़र को शुरू करने से पहले ही हाजियों को बड़ी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। हज हाउस से लेकर एयरपोर्ट तक असुविधाओं का अंबार नज़र आया। निःशुल्क निःस्वार्थ हाजियों की सेवा में लगने वाले अगर शहर के नौजवान और कौमी ख़िदमत अंजाम देने वाले न होते तो हज यात्रियों का सफर और भी मुश्किलों से भरा होता। हाजी इमरान ने कहा कि प्रथम चरण में ही ये हाल है तो आगे क्या उम्मीद की जा सकती है। हाजी इमरान ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि इतनी बड़ी राशि अदा करने के बावजूद भी हज यात्रियों को हज हाउस भोपाल में माक़ूल इंतेज़ाम नहीं मिला जबकि केंद्रीय हज कमेटी द्वारा स्टेट हज कमेटी को हज यात्रियों के इंतेज़ाम करने के लिए बड़ी राशि प्रदान की जाती है पर इस राशि का इस्तेमाल कहां किया जाता है कोई अंदाज़ नहीं। वर्षों से भोपाल के नौजवानों ने हाजियों की ख़िदमत की ज़िम्मेदारी उठा रखी है। वालेंटियर्स अपनी ख़िदमत अंजाम दे रहे हैं तो हज कमेटी किस बात की राशि ले रही है। इस विषय को केंद्रीय हज कमेटी को गंभीरता से लेते हुए उचित कार्यवाही करने के आदेश जारी करना चाहिए और हज यात्रियों को सुविधाएं देने के प्रयास करना चाहिए। इस बार हज कमेटी द्वारा कोई सुविधा नही दी गई। हाजी इमरान ने कहा है कि हम ने जमीअत की ओर से केंद्रीय हज कमेटी के पदाधिकारियों एवं सदस्यों को पत्र भेज कर हज यात्रियों को सुविधाएं देने की मांग की है।
