रहीम शेरानी/जियाउल हक कादरी, पेटलावद/झाबुआ (मप्र), NIT:

झाबुआ जिले के पेटलावद नगर के नया बस स्टैंड (श्रद्धांजली चौक) पर काम्प्लेक्स में दुकानें न मिलने से नाराज दुकानदार सोमवार दोपहर से भूख हड़ताल पर बैठ गए हैं। दुकानदारों ने मंगलवार दूसरे दिन भी विरोध स्वरूप भूख हड़ताल जारी रखी जिसके चलते दुकानदारों की तबियत बिगड़ गई, तबियत बिगड़ने पर तत्काल डॉक्टरों का दल सूचना के बाद जांच के लिए मौके पर पहुंचा।
उल्लेखनीय है कि नगर परिषद द्वारा पुरानी जीर्ण-शीर्ण दुकानों को तोड़कर नई दुकानें बनाकर उन्हीं दुकानदारों को देने का प्रस्ताव बनाया गया था, इसके लिए परिषद द्वारा बकायदा दुकानदारों से अमानत राशि भी जमा करवाई गई थी। दुकानदारों ने प्रस्ताव के बाद दुकानें खाली कर दी थी, अब उस स्थान पर नई दुकानें बनकर तैयार होने के बाद दुकानदार इसी आस में थे कि शीध्र ही उन्हें दुकानें मिल जाएंगी लेकिन फिर कानूनी अड़चन की बात कर उन्हें दुकानें नहीं दी गईं। जिस पर सभी दुकानदार सोमवार को परिषद कार्यालय में धरने पर बैठ गये, बाद में रात्रि में ही दुकानदार परिवार सहित नवनिर्मित दुकानों के आगे भूख हड़ताल पर बैठ गये थे।
तबीयत बिगड़ी जांच भी हुई
भूख हड़ताल के दूसरे दिन हड़ताल करने वाले दुकानदार का मंगलवार को दोपहर में गर्मी के कारण बेचैनी व घबराहट की शिकायत की गई जिस पर अस्पताल से डॉक्टर व नर्स जांच के लिए धरना स्थल पर पहुँचे और हड़तालरत दुकानदारों के स्वास्थ का परीक्षण किया वहीं यहाँ पर एक दुकानदार को ज्यादा परेशानी देखी गई बाकी दुकानदारों का चेकअप किया गया और उन्हें समझाइश दी गई कि वे अपनी शुगर ब्लडप्रेशर की दवाई नियमित रूप से लें।
जयस ने दिया समर्थन
दुकानदारों के साथ हो रहे अन्याय के चलेते जहां धीरे धीरे नगरवासियों की सद्भावना दुकानदारों के साथ जुड़ रहीं हैं और नगर के अधिकांश लोग दुकान उन्हें ही देने की बात कहते दुकानदारों का समर्थन करते नजर आ रहे हैं वहीं मंगलवार को जयस संघठन भी दुकानदारों के समर्थन में मैदान में आ गया है. जय आदिवासी युवा संगठन ने दुकानदारों को दुकान देने की बात का समर्थन करते हुए उनकी हड़ताल का समर्थन करते हुए अनुविभागीय अधिकारी पेटलावद के नाम एक ज्ञापन तहसीलदार जगदीश वर्मा को सौंपा।
ज्ञापन सौंपते हुए जिला प्रभारी प्रकाश डामर, अजित सिंगाड, राहुल मुणिया, मनोज डामोर, अमरसिंह देवड़ा, पपु निन्नामा, दिलीप, सोहन भूरिया, भेरूलाल भाभर, राजु वसुनिया, दिनेश गरवाल आदि जयस संघठन के कार्यकर्ता उपस्थित थे।
