नरेंद्र कुमार, जामनेर/जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

31 जनवरी 2022 को जामनेर में बोदवड पुल के नीचे मिले शुभम माली की रहस्यमयी मौत की गुत्थी सुलझाने में जिला अपराध शाखा को सफलता मिलने के बाद आम जनता का LCB पर विश्वास काफी बढ़ गया है. इस मामले को लेकर जिला पुलिस अधीक्षक डॉ प्रवीण मुंढे के आदेश से पुलिस निरीक्षक किरण कुमार बकाले के नेतृत्व में LCB टीम को जांच के लिए नियुक्त किया गया था. LCB ने कुछ ही दिनों में शुभम के हत्यारे को धरदबोचा इसी के चलते लोगों में यह मांग जोर पकड़ने लगी है कि 26 जनवरी को IDBI बैंक के ATM से लुटे गए 13 लाख रुपए, 29 जनवरी को विनोद लोढ़ा के बंगले में लगाई गई सेंध में उड़ाए गए 10 लाख रुपए इन दोनों वारदातों की जांच LCB को सौंपी जाए. विदित हो कि इन अपराधों को अंजाम देने वाले अज्ञातों के खिलाफ जामनेर थाने में मामले दर्ज किए 15 दिन बीत चुके हैं बस जांच ही चल रही है अब तक कोई नतीजा नहीं निकला है. स्थानीय पुलिस की नाकामी के कारण इन लंबित केसेस के स्टेटस से जनता में CID धारावाहिक में शिवाजी साटम का लोकप्रिय संवाद “दया कुछ तो गड़बड़ है” को उपहासात्मक रूप से याद किया जाने लगा है. वैसे दो दिन पहले ही शहर के बगल वाले गांव में भरी दोपहरी को एक घर से 50 हजार रुपये के जेवर लूटे जाने की जानकारी है. 13 फरवरी को शहर में युवकों के आपसी झगड़े ने सामान्य सामूहिक हिंसा की शक्ल ले ली जिसमें कुछ लड़कों के सिर फट गए थे. प्राप्त जानकारी से पता चला है कि मामले को आपसी समझदारी से सुलझाया गया है.
