साबिर खान, मुंबई, NIT;
पवित्र रमज़ान माह के रोजों को पूरा करने के बाद मुसलमानों के द्वारा कल अरब देशों में और आज भारत में बडे ही हर्षोल्लास के साथ ईद मनाई गई। भारत में कश्मीर को छोड़कर बाकी पूरे भारत देश में ईद का त्योहार शांति पूर्वक मनाया गया। कश्मीर में ईद की नमाज के बाद हुई हिंसा में कई लोग घायल हो गए हैं।ईद के मौके पर राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी, प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री राजनाथ सिंह, सोनिया गांधी आदि लोगों ने देश के मुसलमानों को ईद की बधाई दी।
ईद के दिन भी कश्मीर में पत्थरबाज अपनी नापाक हरकतों से बाज नहीं आये। आज कश्मीर घाटी के कई इलाकों में ईद की नमाज के बाद पत्थरबाजी की घटना हुई है। श्रीनगर के ईदगाह, पुलवामा और अनंतनाग में पत्थरबाजों ने सुरक्षाबलों को निशाना बनाया जिसमें कई सुरक्षाकर्मी जख्मी हो गए हैं।
मीडिया सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक़ प्रशासन को इस पत्थरबाजी की पहले से आशंका थी, इसलिए प्रशासन ने कई जगहों पर ईद की नमाज की इजाजत देने से इंकार कर दिया था। केवल श्रीनगर की ईदगाह में ही नमाज की इजाजत दी गई थी, वहां भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। बावजूद इसके ईद की नमाज खत्म होते ही बड़ी संख्या में युवक सड़कों पर उतर आए।युवकों ने पाकिस्तान के झंडे फहराए और सुरक्षाकर्मियों पर पत्थरबाजी करने लगे। श्रीनगर के अलावा पुलवामा, सोपिया और अनंतनाग में भी पत्थरबाजी की घटनाएं सामने आई हैं। घटना से तीस से ज्यादा लोगों के घायल होने की खबरें आ रही हैं।
ईद के मौके पर पत्थरबाजों से निपटने के लिए सुरक्षा बल थोड़ा संयम से काम ले रहे थे। हालांकि पिछले एक महीने के दौरान हुई हिंसा को देखते हुए ये आशंका पहले ही जता दी गई थी कि भविष्य़ में कभी भी फिर से हिंसा हो सकती है।
कश्मीर को छोड़कर दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, पटना आदि बडे शहरों के साथ साथ छोटे बडे शहरों व गावों में ईद पूरे जोश व खरोश के साथ मनाई गई। कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की कोई खबर नहीं है। अमेठी में कुछ अराजक तत्वों ने ईदगाह में सूअर का सिर रखकर माहौल बिहाडने की कोशिश की थी लेकिन पुलिस और प्रशासन की सूझबूझ से हालात बिगड़ने से बच गया।
अरब देशों में कल ईद मनाई गई थी। जुनैद हत्याकांड के विरोध में दमाम शहर और दुबई में भारतीय मूल के लोगों ने अपने हाथों पर काली पट्टी बांधकर ईद की नमाज अदा कर नाराजगी जाहिर की। वहीं आज भारत में भी कई जगहों पर लोगों ने जुनैद हत्याकांड व दिगर मामलों को लेकर अपने हाथों पर काली पट्टी बांधकर ईद की नमाज अदा कर खामोश व शांति पूर्ण ढंग से विरोध दर्ज कराई।
