वी.के. त्रिवेदी, ब्यूरो चीफ, लखीमपुर-खीरी (यूपी), NIT:

उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान लखनऊ एवं राज्य शैक्षणिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद के संयुक्त तत्त्वाधान में आयोजित 14 दिवसीय संस्कृत प्रशिक्षण कार्यशाला का 20 फरवरी 2021 को समापन किया गया। समापन सत्र कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिक्षा निदेशक बेसिक एवम अध्यक्ष उ०प्र० बेसिक शिक्षा परिषद लखनऊ डॉ० सर्वेंद्र विक्रम बहादुर सिंह ने प्राथमिक स्तर पर छात्रों को बहुभाषी बनाने हेतु संस्कृत पर जोर दिया साथ ही सह निदेशक राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद लखनऊ अजय कुमार सिंह ने उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान के साथ मिलकर आगे भी इस प्रकार के प्रशिक्षण होते रहेंगे यह बात कही। उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान के अध्यक्ष डॉ वाचस्पति मिश्र ने कार्यक्रम में आए हुए सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए आभार व्यक्त किया और संस्कृत भाषा के प्रति इसी प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे जिससे कि संस्कृत भाषा जनसामान्य की भाषा बन सकें और प्राथमिक स्तर पर प्रत्येक छात्र सामान्य संस्कृत संभाषण करता हुआ दिखाई दे। इस अपेक्षा के साथ सभी शिक्षक प्रशिक्षुओं को बधाई देते हुए शुभकामनाएं भी दी। कार्यक्रम में शिक्षक प्रशिक्षुओं ने कार्यशाला में पाठित विषयों को कुशीनगर शिक्षक स्वाति यादव, स्वतंत्र सिंह, दिवाकर मणि त्रिपाठी एवं लखीमपुर खीरी जनपद की ममता अग्रवाल एवं गीतांजलि जायसवाल आदि के द्वारा अभिनय सहित अतिथियों और पदाधिकारियों के समक्ष प्रयोग करके दिखाया गया।कार्यक्रम में जनपद कुशीनगर के नोडल अधिकारी डॉ अजीत कुमार भी उपस्थित रहे साथ ही उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान लखनऊ के पदाधिकारीगण सुधीष्ठ कुमार मिश्र प्रशिक्षण प्रमुख सुशील कुमार सहायक प्रशिक्षण प्रमुख डॉ रत्नेश मणि त्रिपाठी धीरज मैठानी प्रशिक्षण समन्वयक, प्रशिक्षक हसन खान, प्रशिक्षिका मीना कुमारी, ज्योति यादव, गणेश दत्त द्विवेदी आदि संस्कृत प्रशिक्षकों सहित उक्त कार्यक्रम में जनपद कुशीनगर लखीमपुर खीरी और बनारस आदि के 22 जनपदों से 1 हजार से अधिक प्राथमिक शिक्षक प्रशिक्षुओं ने ऑनलाइन जूम एप के माध्यम से प्रतिभाग किया।
