अतिश दीपंकर ,पटना ( बिहार), NIT;
बिहार के शेखपुरा जिले के लखीसराय-किऊल गया रेलखंड के सिरारी स्टेशन के पास रेलवे हादसे के जिम्मेदार वहां के मौजूद लोगों ने स्टेशन मास्टर वा रेल कर्मचारीयो को ठहराया है। हादसे में बाल-बाल बचे बचे परमानंद सिंह ने बताया कि हम लोग रामपुरहाट ट्रेन से उतर कर रेलवे पुल की पटरी क्रॉस कर रहे थे । उस समय ना तो स्टेशन मास्टर ने कोई भी अनाउंसमेंट करवाया कि कोई थ्रू गाड़ी आ रही है और सिग्नल भी रेड था जब हम लोग पुल के पास पहुंचे तो अचानक सिंगल हरा हो गया जिसके कारण वहां से निकलते निकलते यह हादसा हुई जिसमें 8 लोगों की मौत हो गई और दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतकों के परिजनों के चार चार लाख रुपय देने का और घायलों को ₹9300 रूपये देने का ऐलान किया गया।
वहां पर बने पूल में भी साइड से कोई रास्ता नहीं था स्टेशन से करीब ही वह पुलिया है जहां यह हादसा हुआ। अगर उस समय भी स्टेशन मास्टर के द्वारा निर्देशित किया जाता तो शायद यह हादसा नहीं होती। वहां के ग्रामीणों का कहना है कि अगर सिरारी के स्टेशन मास्टर व इस घटना में संलिप्त रेलवे कर्मचारी को निलंबित किया जाए नहीं तो रेलवे ट्रैक को जाम कर दिया जाएगा जिसकी लिखित जानकारी रेलवे के मुख्य पदाधिकारी को दे दिया गया हैं वहां उपस्थित मुकेश यादव हारे सिंह मनोज कुमार विनय कुमार यादव जिलाध्यक्ष जन अधिकार पार्टीआदि सैकड़ों कार्यकर्ता उपस्थित थे
