राकेश यादव/परसराम साहू, देवरी/सागर (मप्र), NIT:

आम जन समस्याओं को लेकर क्षेत्रीय विधायक एवं मप्र के पूर्व कैबिनेट मंत्री श्री हर्ष यादव ने महामहिम राज्यपाल के नाम देवरी राजस्व अधिकारी एसडीएम आरके पटेल को ज्ञापन सौंपकर समस्याओं का निराकरण करने की मांग की है एवं सरकार द्वारा चलाई जा रही हितग्राही मूलक योजनाओ में किए जा रहे भ्रष्टाचार की जांच करने एवं संबंधितों के विरुद्ध कार्यवाही करने की मांग की है।
ज्ञापन के माध्यम से गेंहूँ एवं चना समर्थन मूल्य उपार्जन केन्द्रों के अघोषित बंद होने, पंजीकृत किसानों को मैसेज प्राप्त न होने, पोर्टल फीडिंग बंद होने, बारदाना कमी सहित कृषकों की अन्य समस्याओं के दृष्टिगत केन्द्रों की पूर्व निर्धारित अवधि को बढ़ाये जाने एवं पंजीकृत चना उत्पादक समस्त कृषकों उनके खाते में भावांतर राशि प्रदाय किये जाने संबंधी मांग की। 11 बिंदुओं के ज्ञापन में श्री यादव जी ने खरीदी की तारीख 15 जून तक बढ़ाने की मांग की साथ ही गेंहू का 160 रुपये बोनस प्रदान करने की भी मांग की। भावांतर की राशि 500 से 1500 करने एवं टिड्डी दल के प्रकोप से नष्ट हुई फसलों के सर्वे एवं उचित मुआवजे की मांग के साथ साथ खरीदी केन्द्रों पर हो रहे भ्रष्टाचार से राज्यपाल महोदय को अवगत कराया। खरीदी केन्द्रों पर हो रही अनिमितताओं के बारे में जानकारी देते हुए उच्चस्तरीय जांच एवं दोषियों पर कठोर कार्यवाही की मांग की।
दूसरे ज्ञापन में कोरोना संक्रमण को लेकर केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा गरीब पात्र व्यक्तियों को राशन प्रदाय किए जाने जैसे कार्यों में भ्रष्टाचार एवं लापरवाही की जांच करने एवं संबंधित अधिकारियों कर्मचारियों के खिलाफ कार्यवाही करने की मांग की एवं तीसरे ज्ञापन में विद्युत विभाग द्वारा भारी भरकम बिल वितरण करने एवं दिये गए बिलों को माफ़ करने और अघोषित विद्युत कटौती पर रोक लगाने की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपा है।
मंत्री यादव ने प्रदेश सरकार को आड़े हतो लेते हुए कहा कि प्रदेश में किसानों की हालत खराब है चना खरीद में जीरो परसेंट का नियम बताकर खरीद नहीं की जा रही है।गेंहू उपार्जन केंद्रों पर किसानों के साथ धोखा धड़ी की जा रही है और योजनाओं में भृष्टाचार किया जा रहा है। सभी मांगो को लेकर ज्ञापन दिया गया। प्रदेश की सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि क्षेत्र की समस्याओं का निराकरण समय पर नहीं हुआ तो सड़क पर उतर कर आंदोलन करना पड़ेगा।
